अमिला नगर पंचायत द्वारा बाईपास रोड पर बनाए गए नाले की दीवार पहली बारिश में गिरी।
अमिला नगर पंचायत में जल निकासी की समस्या से मुक्ति दिलाने के लिए 87 लाख रुपये की लागत से बना नाला पहली बरसात भी नहीं झेल पाया। नाला ध्वस्त होने के बाद लोगों ने निर्माण कार्य ही नहीं बल्कि प्रशासन की अनदेखी पर भी सवाल उठाया है। लोगों का कहना है कि इस नाले के निर्माण के दौरान स्थानीय लोगों ने उसकी गुणवत्ता को लेकर कई बार धरना प्रदर्शन एवं चक्का जाम भी किया था। बावजूद इसके प्रशासन ने अपनी आंखें मूंदे रखी।
अमिला नगर पंचायत में जल निकासी को लेकर 87 लाख रुपये की लागत से निर्माण कराया गया था। महज दो माह पूर्व ही बने नाले की गुणवत्ता को लेकर क्रांतिकारी झारखण्डे राय यूथ बिग्रेड के अध्यक्ष विवेक राय ने स्थानीय लोगों के साथ धरना प्रदर्शन एवं चक्का जाम कर शिकायत दर्ज कराई थी। मौके पर पहुंचे एसडीएम आदि ने भी गुणवत्ता को लेकर शिकायत दूर करने का आश्वासन दिया था। शनिवार को हुई पहली ही बारिश के बाद नाला धराशाई हो गया। इसे लेकर लोगों में एक बार फिर से आक्रोश पनपने लगा। यही नहीं इस नाले के ध्वस्त होने से लोगों के घरों का पानी थी उनके उनके घरों में रुका हुआ है। इस संबंध में विवेक राय ने कहा कि इसी कार्य को लेकर पूर्व में शिकायत दर्ज कराई गई थी लेकिन प्रशासन की अनदेखी के चलते यह कार्य खराब हुआ है।