जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में तैनात चिकित्साधिकारी डॉ. अभिषेक तिवारी को निर्धारित से कम मानदेय देने पर मंगलवार को त्याग पत्र देने से बुधवार को सभी चिकित्सक नाराज हो गए।
चिकित्सकों ने सीएमओ कार्यालय पहुंचकर प्रभारी सीएमओ डॉ. एम लाल को ज्ञापन सौंपा। डाक्टरों ने मामले की जांच कराकर एनआरएचएम के डीपीएम और डैम को हटाने की मांग की।
एक हफ्ते के अंदर कार्रवाई न होने पर चिकित्सीय सेवा के बहिष्कार कर चेतावनी दिया। प्रभारी सीएमओ ने जांच कराकर कार्रवाई का आश्वासन देते हुए डीपीएम और डैम को चेतावनी पत्र जारी किया।
बुधवार को दोपहर एक बजे इस्तीफा देने वाले संविदा चिकित्सक डॉ. अभिषेक तिवारी के पक्ष में जिला अस्पताल के डॉ. एके रंजन, डॉ. अनिल कुमार, डॉ. शैलेष कुशवाहा, डॉ. राकेश गुप्ता, डॉ.रूपेश राय, डॉ. आरआर चौहान आदि चिकित्सक सीएमओ कार्यालय पहुंचे।
प्रभारी सीएमओ डॉ. एमलाल को ज्ञापन सौंपा। चिकित्सकों ने संविदा चिकित्सक के इस्तीफे को नामंजूर करने तथा निर्धारित मानदेय देने में अनियमितता बरतने वाले एनएचआरएम के डीपीएम और डैम के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए प्रभारी सीएमओ द्वारा डीपीएम और डैम को चेतावनी पत्र जारी करते हुए सात दिनों में मानदेय संबंधित समस्या का निस्तारण कराने का आश्वासन दिया।
जांच का दिया आदेश
मऊ। चिकित्सकों के शिकायत के बाद प्रभारी सीएमओ ने जिले में तैनात 80 चिकित्सकों के वेतन सहित कुल 580 संविदा कर्मचारी के मानदेय समय से न मिलने के मामले को भी संज्ञान में लेते हुए जांच कराने की बात कही। साथ ही दोषी मिलने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।