युवाओं के सामने आज सबसे बड़ी चुनौती अपना कैरियर चुनने को लेकर है। यदि सही वक्त पर सही काउंसलिंग हो तो कैरियर संवर सकता है। लक्ष्य 2017 जैसे आयोजन इस दिशा में अपनी सटीक भूमिका निभा सकते हैं। उक्त बातें जिलाधिकारी ऋषिरेंद्र कुमार ने यहां आशीर्वाद मैरेज हाल में शनिवार को ‘अमर उजाला लक्ष्य 2017’ के उद्घाटन के अवसर पर कही।
कार्यक्रम में जिलाधिकारी ऋषिरेंद्र कुमार के साथ पहुंचे 2015 बैंच के आईएएस व ज्वाइंट मजिस्ट्रेट कुमार हर्ष ने दीप प्रज्ज्वलित करने के साथ ही छात्रों को कैरियर संवारने की टिप्स दी। इस मौके पर यूपी बोर्ड की इंटरमीडिएट की परीक्षा में सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाली छात्रा राबिया खातून के साथ आकांक्षा सिंह भी मौजूद रहीं। जिलाधिकारी ऋषिरेंद्र कुमार ने कहा कि एक ही छत के नीचे इतनी बड़ी संख्या में कैरियर की राह तलाश रहे युवाओं को जुटाना आसान नहीं है।
अमर उजाला ने एक जिम्मेदार मीडिया हाउस होने का दायित्व निभाया है। युवाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि 12वीं पास करने के बाद छात्रों के सामने कैरियर चुनने की सबसे बड़ी चुनौती होती है। ‘लक्ष्य 2017’ जैसे एजुकेशन फेयर की वजह से आप ऐसी चुनौतियों से पार पा सकते हैं। कहा कि मंजिल पाने के लिए लक्ष्य भेदना आवश्यक है। काम कोई भी करो, लक्ष्य बनाकर करने पर निश्चित तौर पर सफलता मिलेगी।
उन्होंने ‘लक्ष्य 2017’ में भाग लेने दूर दराज से आए विश्वविद्यालय के प्रतिनिधियों से कहा कि वे छात्रों के मन में व्याप्त आशंकाओं का समाधान करें और उनकी सटीक काउंसलिंग कर उन्हे कैरियर चुनने में मदद करें।
इसी क्रम में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट कुमार हर्ष ने छात्रों को फार्म भरने से लेकर परीक्षा की तैयारी और किस परीक्षा में बैठने के लिए क्या योग्यता होनी चाहिए आदि की विस्तार से जानकारी दी। इस मौके पर इंटरमीडिएट और हाईस्कूल की परीक्षा में 60 प्रतिशत अंक पाने वाले मेधावी छात्र- छात्राओं को ‘लक्ष्य 2017’ का प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।