थाना दोहरीघाट क्षेत्र के फतहपुर ताल रतोय निवासी एक व्यापारी की सर्पदंश से मौत के बाद ग्रामीणों ने सीएचसी पर जमकर बवाल किया। ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय से एंटी वैनम की खुराक दी गई होती तो व्यापारी को बचाया जा सकता था।
गुस्साए ग्रामीणों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फतहपुर मंडाव के सामने शव रखकर जाम लगा दिया। सूचना पाकर मौके पर अपर पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार सिंह एवं सीएमओ के पहुंचने के बाद मामला शांत हुआ।
फतहपुर ताल रतोय निवासी नौरंगी(60) की बाजार में काली मंदिर के पास पान की दूकान है। शुक्रवार की सुबह वह अपनी दूकान खोल रहा था कि सर्प ने डस लिया।
जानकारी के बाद आसपास के दूकानदार उसे लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फतहपुर मंडाव पहुंचे। यहां पर दूकानदार को महज टीटी का इंजेक्शन लगाकर जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया।
इसमें घंटों का समय जाया हुआ। इससे रौरंगी की हालत बिगड़ गई। जिला अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई। मौत के बाद बाजार के लोगों का अस्पताल की दुर्व्यवस्था एवं लापरवाहीपूर्ण ढंग से इलाज पर गुस्सा भड़क गया। लोगों ने अस्पताल पहुंचकर जमकर प्रदर्शन किया। विरोध करने पर अस्पताल पर ईंट पत्थर चलाए।
इससे अस्पताल की खिड़की का शीशा टूट गया। वहां खड़ी एक कार को भी ग्रामीणों ने क्षतिग्रस्त कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय से नौरंगी को एंटी वैनम लगा दिया गया तो जान बच सकती थी।
ग्रामीण मौके पर जिलाधिकारी एवं सीएमओ के पहुंचने एवं अस्पताल के चिकित्सक और कर्मचारियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग करने लगे। सूचना पाकर मौके पर अपर पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार सिंह एवं कोतवाल केके पांडेय पहुंचे। बाद में सीएमओ नंदलाल भी पहुंचे। अस्पताल के चिकित्सक और कर्मचारियों के हटाने के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया।