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Mau News: तीन मामलों में अब्बास अंसारी की वीसी से हुई पेशी

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मऊ। बीते विधानसभा आमचुनाव चुनाव के दौरान नफरती भाषण, चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन सहित तीन मामलों में आरोपी विधायक अब्बास अंसारी की बुधवार को कासगंज जेल से वीडियो कांफ्रेंसिंग से पेशी हुई। इस दौरान नफरती भाषण मामले में गवाह आरक्षी बलवंत कुमार उपस्थित हुए, आरोपियों की ओर से जीरह की गई। सीजेएम ने नफरती भाषण मामले में 13 नवंबर और दो मामलों में 20 नवंबर की तारीख दी। इसमें दो मामला शहर कोतवाली और एक दक्षिणटोला थाना क्षेत्र का है।
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पहला मामला शहर कोतवाली क्षेत्र का है। मामले में अभियोजन के अनुसार एसआई गंगाराम बिंद की तहरीर पर शहर कोतवाली में एफआईआर दर्ज हुई। इसमें सदर विधायक अब्बास अंसारी व अन्य को आरोपी बनाया गया। आरोप था कि 3 मार्च 22 को विधानसभा चुनाव के दौरान सदर विधानसभा सीट से सुभासपा के प्रत्याशी के तौर पर चुनाव लड़ रहे अब्बास अंसारी ने नगर क्षेत्र के पहाड़पुर मैदान में जनसभा के दौरान कहा कि जनपद मऊ के प्रशासन को चुनाव के बाद रोककर हिसाब किताब करने व इसके बाद सबक सिखाने की धमकी मंच से दी गई थी।
इस मामले में वही अब्बास अंसारी की जरिए वीसी पेशी हुई। मामला साक्ष्य में चल रहा है, गवाह आरक्षी बलवंत कुमार कोर्ट में उपस्थित हुए उनकी जीरह पूरी हुई। सीजेएम ने मामले में 13 नवंबर की तिथि नियत किया।
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दूसरा मामला दक्षिण टोला थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार तत्कालीन निरीक्षक पंकज कुमार सिंह की तहरीर पर 12 फरवरी 22 को चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन के मामले में एफआईआर दर्ज हुई थी। मामले में पुलिस ने विवेचना कर अब्बास अंसारी, उमर अंसारी, साकिब लारी,शाहिद लारी,इशराईल अंसारी और रमेश राम के विरुद्ध आरोप पत्र कोर्ट में प्रेषित किया है। इसमें आरोप तय करने के लिए आरोपियों का बयान दर्ज होना है। सीजेएम ने आरोपियों का बयान के लिए 20 नवंबर की तिथि नियत किया।
तीसरा मामला शहर कोतवाली क्षेत्र का है। मामले मेंं अभियोजन के अनुसार एसआई राजेश कुमार वर्मा की तहरीर पर एफआईआर दर्ज हुई।आरोप है कि 27 फरवरी 22 को विधानसभा चुनाव के दौरान सुभासपा प्रत्याशी अब्बास अंसारी ने बिना अनुमति के राजाराम पुरा से लेकर भरहु का पूरा तक रोड शो निकाला। मामले में उच्च न्यायालय ने आरोपियों पर किसी प्रकार की उत्पीडात्मक कार्यवाही पर रोक लगाया है। सीजेएम ने मामले में 20 नवंबर की तिथि नियत किया।
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