जिले के परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों में गतिविधि आधारित शिक्षण पद्धति एवं शून्य निवेश नवाचारों के प्रचलन को बढ़ावा देने के तहत अरबिंदो सोसाइटी एवं बेसिक शिक्षा विभाग के तरफ से इनोवेटिव पाठशाला प्रदर्शनी एवं शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन नगर पालिका कम्युनिटी हाल में किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिलाधिकारी ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी ने फीता काटकर किया। मुख्य अतिथि ने नवाचारी शिक्षकों को सम्मानित किया।
प्रदर्शनी में जनपद के समस्त शिक्षा क्षेत्र के विद्यालयों के शिक्षकों ने प्रतिभाग किया। इस दौरान करीब 60 स्टाल लगाए गए। जिसमें लगभग 40 विद्यालयों के 180 शिक्षकों ने सक्रिय भूमिका का निर्वहन किया। नवाचारी शिक्षकों ने टीएलएम बनाकर अपनी क्षमता का प्रदर्शन किया। प्राथमिक विद्यालय कइया के शिक्षकों ने वेंटेन मैजिक के माध्यम से अंकों और अक्षरों का प्रस्तुतीकरण कर दिखाया। सोलर कुकर का भी प्रस्तुतीकरण किया। प्राथमिक विद्यालय अमिला के शिक्षकों ने जूते के डिब्बे से प्रकाश संस्लेषण क्रिया का प्रस्तुतीकरण किया। इस मौके पर जिलाधिकारी ने कहा कि शिक्षा किसी भी प्रकिया की बुनियाद होती है। यह बुनियाद तैयार करने का कार्य हमारे बेसिक शिक्षा के शिक्षक ही करते हैं। इसलिए बच्चों के शुरूआती विकास के लिए आपकी जिम्मेदारी महत्वपूर्ण है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ओपी त्रिपाठी ने कहा कि इनोवेटिव पाठशाला एक बेहतर कार्यक्रम है जो हमारे शिक्षकों को पाठ्य योजना आधारित शिक्षण को दैनिक जीवन में शामिल करने को प्रेरित करता है। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप जलाकर किया गया। इसके पूर्व जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ओपी त्रिपाठी एवं अरविंदो सोसाइटी के प्रतिनिधि नवनीत श्रीवास्तव, योगंद्र सिंह परमार एवं गौरव शांडिल्य द्वारा मुख्य अतिथि एवं अन्य अतिथियों को बुके देकर स्वागत किया गया। इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी विजय शंकर राय, परियोजना निदेशक डीआरडीए मत्स्य नाथ त्रिवेदी, प्राचार्य डायट रामचंद्र सिंह यादव प्रधानाचार्य आईटीआई भूपेंद्र कुमार पाल आदि शामिल रहे।