दोहरीघाट । नेपाल द्वारा दो लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने से घाघरा में फिर बाढ की स्थिति आ गई है। 24 घंटे में घाघरा का जलस्तर 75 सेमी बढ़ गया है। इससे नगर सहित तटवर्ती इलाकों के लोगों में बेचैनी है। साथ ही दोहरीघाट नगर को खतरा उत्पन्न हो गया है।
नेपाल से पानी छोड़े जाने से एकबारगी घाघरा का जलस्तर बढने लगा है, इससे दोहरीघाट नगर के मुक्तिधाम, दुर्गा मंदिर, शाही मस्जिद, डीह बाबा का मंदिर, खाकी बाबा की कुटी, लोक निर्माण विभाग का डाक बंगला आदि पर खतरा मंडराने लगा है। इन धरोहरों को बाढ़ से बचाने के लिए प्रशासन तथा सिंचाई विभाग ने अब तक कोई कदम नहीं उठाया है। यदि नदी खतरा बिंदु पार करती है तो इन धरोहरों पर संकट पैदा हो जाएगा। गौरीशंकर घाट पर रविवार को चार बजे घाघरा का जलस्तर 68.85 मीटर रहा। जबकि शनिवार को जलस्तर 68.10 मीटर था। इस प्रकार 24 घंटे में नदी के जलस्तर में 75 सेमीटर की वृद्धि दर्ज की गई।