जिला एवं सत्र न्यायाधीश जयश्री आहूजा ने हत्या समेत चार मामलों में पांच आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज कर दिया। पहला मामला शहर कोतवाली क्षेत्र का है। वादी मुकदमा घासीपुरा मुहल्ला निवासी इम्तेयाज अहमद पुत्र मुख्तार अहमद की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज हुई। वादी का कथन है कि पुरानी रंजिश को लेकर 27 जून 2018 को उसके भाई मुमताज अहमद को रेलवे ग्राउंड नई वाशिंग लाइन के पास आरोपीगण ने मारापीटा तथा पेट में चाकू मार दिया जिससे उसकी मौत हो गई। मामले में आरोपी शाहिद पुत्र मुख्तार अहमद की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई।
दूसरा मामला कोतवाली घोसी क्षेत्र का है। कनकूडीह गांव निवासी वादिनी मुकदमा लक्षियां देवी पत्नी रामाधार चौहान की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज हुई। वादिनी का कथन है कि उसे पति रामाधार चौहान को बिजली के तार खींचने की बात को लेकर आरोपीगण मारापीटा। उन्हें बचाने उसकी लड़की कंचन, अंकुश गए तो उन्हें भी मारेपीटे। इलाज के दौरान 12 जून 2018 रामाधार की मौत हो गई। मामले में आरोपी सिगेंष उर्फ शिवकेश पुत्र रामअवतार की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई।
तीसरा मामला चिरैयाकोट थाना क्षेत्र का है। वादी मुकदमा अनिल कुमार की बहन पुष्पा को उसके ससुराल वाले 29 जुलाई 2018 को मार डाले। मामले में आरोपी अल्लीपुर बेहरवार गांव निवासी बृजेश कुमार पुत्र रामकृत की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई। जिसे सुनवाई के बाद खारिज कर दिया।
चौथा मामला मधुबन थाना क्षेत्र का है। एसआई सुरेश सिंह ने बैरिकंठा गांव के पास आरोपी को मिलावटी शराब के साथ गिरफ्तार किया। मामले में आरोपी नई बस्ती दुबारी निवासी रामनरायन यादव पुत्र सदानंद की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई। जिसे सुनवाई के बाद खारिज कर दिया।
वहीं, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर एक वीरनायक सिंह ने नाबालिग को बहला फुसलाकर भगाने और उसके साथ दुराचार करने के मामले में आरोपी की जमानत अर्जी खारिज कर दिया। मामला दक्षिणटोला थाना क्षेत्र का है। मामले के अनुसार वादिनी मुकदमा की नाबालिग लड़की को आरोपी 20 मार्च 2018 को बहला फुसलाकर भगा ले गया। इस दौरान पीड़िता को हैदराबाद ले जाकर उसके साथ दुराचार किया। मामले में आरोपी इस्लामाबाद डोमनपुरा निवासी जिकरुल रहमान उर्फ आदिल पुत्र महबूब अंसारी की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई। जिसे नामंजूर कर दी गई।