मऊ। संविदा कर्मचारी को नियमित करने के लिए 2.40 लाख रुपये लेने के आरोप में मुख्य गन्ना विकास अधिकारी राधेश्याम पासवान पर कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है। इस मामले में कर्मचारी के पिता की तहरीर और सीजेएम कोर्ट के आदेश पर शहर कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
सहादतपुरा निवासी वीरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि बेटा प्रत्युष कुमार सिंह घोसी सहकारी चीनी मिल में संविदा पर गन्ना लिपिक (कंप्यूटर ऑपरेटर) है। आरोप है कि बेटे को नियमित करने के लिए देवरिया जिले के बेलवा टोला सेमरहिया निवासी मुख्य गन्ना अधिकारी राधेश्याम पासवान ने 10 लाख रुपये की मांग की। मुख्य गन्ना अधिकारी को एक लाख 30 हजार ऑनलाइन उनके खाते में तो एक लाख दस हजार नकद दिया था। आरोप लगाया कि इस बीच आरोपी का ट्रांसफर घोसी चीनी मिल से किसान सहकारी मिल सुल्तानपुर हो गया है। लाखों की राशि लेने के बाद बेटे को नियमित न करा पाने पर जब उन्होंने अपने पैसे वापस मांगे तो वह आनाकानी करने लगा। पैसे मांगने पर अधिकारी धमकी दे रहा है। इस मामले में शिकायत करने के बाद कोई सुनवाई न हो पाने पर उन्होंने सीजेएम कोर्ट की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर शनिवार देर शाम शहर कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया। इस संबंध में शहर कोतवाल अनिल सिंह ने बताया कि मामला संज्ञान में है, कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस मामले की जांच कर रही है।