मधुबन। राष्ट्रीय ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम के तहत मंगलवार को पेयजल एवं स्वच्छता सहयोग संगठन तथा राज्य पेयजल स्वच्छता मिशन ग्राम्य विकास विभाग द्वारा फतहपुर मंडाव के ब्लाक परिसर में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें लोगों को दूषित जल के सेवन से होने वाले दुष्परिणामों के बारे में जानकारी दी गई।
फतहपुर मंडाव ब्लाक परिसर में इससे पहले जागरूकता रैली निकाली गई, जो कि ब्लाक से शुरू होकर मधुबन बाजार सहित आस पास के क्षेत्र होते हुए ब्लाक पहुंचकर समाप्त हुई। रैली को बीडीओ सुबेदिता सिंह ने हरीझंडी दिखाकर रवाना किया। इसके बाद नाटक का मंचन कर लोगों को दूषित जल के सेवन से होने वाले नुकसानों की जानकारी दी। इस अवसर पर प्रशिक्षक प्रवीण दीक्षित तथा सुभाष पांडेय ने बताया कि 80 प्रतिशत बीमारियां दूषित पानी पीने एवं अस्वच्छता के कारण होती हैं। बताया कि सरकारी हैंडपंप के चबूतरे टूटे होने पर उसका मरम्मत कार्य कराएं, मरम्मत के अभाव में सारी गंदगी जल स्रोत तक पहुंच जाती है। और हम लोगों को बीमार कर सकती है। वहीं बीडीओ सुबेदिता सिंह ने कहा कि लगभग 40 प्रतिशत बीमारियां हमारे गंदे हाथों के कारण होती हैं, कहा कि शौच से आने के बाद और खाना खाने से पहले अपने हाथों को साबुन से धोना चाहिए। कहा कि प्रकृति के द्वारा हमे दो चीजें मुफ्त में मिली हवा तथा पानी। हमें इसकी स्वच्छता बनाए रखने के लिए अपने घर पास पड़ोस में स्वच्छता बनाए रखने के साथं-साथ शौच के लिए शौचालय का प्रयोग करें। इस मौके पर गुलाब चंद गुप्ता, राम प्रकाश, रामचंद्र यादव, जिला समन्वयक परवेज आलम, सरोज लता मिश्रा, नवीउल्लाह, मैनूदिन, अजय यादव, गिरजेश मनी त्रिपाठी, अर्जुन, आरती पाठक, अजीत यादव, अंकित पांडे सहित अन्य लोग मौजूद रहे।