रतनपुरा ब्लाक मुख्यालय स्थित जल निगम की ओर से लगे ओवरहेड टैंक का मोटर 15 दिनों से फुंकी पड़ी है। इससे दर्जनों गांवों की जलापूर्ति ठप है। लोगों को शुद्ध पानी मयस्सर नहीं हो पा रहा है। रतनपुरा बाजार में दुर्गा प्रतिमाओं की स्थापना के बाद चहल पहल बढ़ गई है। गर्मी व उमस से बेहाल लोगों को पानी के लिए इधर उधर भटकना पड़ रहा है। प्रदूषित पानी के सेवन से लोग संक्रामक बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं। शिकायत के बाद भी पेयजल समस्या का समाधान नहीं किया जा सका है।
रतनपुरा ब्लाक मुख्यालय पर लगे हजारों लीटर वाला ओवरहेड टैंक से क्षेत्र के नगवा, बीबीपुर, गाढ़ा, रतनपुरा, मुबारकपुर, धर्मागतपुर, गुलौरी, जोगापुर, दतौड़ा, खोहिया सहित दर्जनों गांवों के ग्रामीणों के लिए शो पीस बनकर रह गया है। ओवरहेड टैंक का मोटर फुंकने के दो हफ्ते बाद न बदले जाने से लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया है। इससे शुद्ध पानी के लिए लोगों को इधर उधर भटकना पड़ रहा है। दुुर्गा पूजा पंडालों में दुुर्गा प्रतिमाओं की स्थापना के बाद देर शाम तक चहल पहल रह रही है, लेकिन पेयजलापूर्ति बाधित रहने से लोगों को शुद्ध पानी के लिए इधर उधर जाना पड़ रहा है। इस संबंध में क्षेत्र के ग्राम प्रधान संगठन के मंडलीय महामंत्री रामाश्रय मौर्य, व्यापारी नेता भगवान गुप्ता, सुरेंद्र नाथ यादव, बशीर अहमद का कहना था कि जल निगम के कार्यालय में शिकायत दर्ज कराने के बाद भी समस्याओं को निस्तारित करने की जहमत नहीं उठाई जा सकी है। प्रदूषित पानी के सेवन से लोग विभिन्न संक्रामक बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि जलापूर्ति बहाल नहीं की गई तो हम लोग आंदोलन करने के लिए बाध्य हो जाएंगे। इस संबंध में उपजिलाधिकारी सदर सुरेंद्र मिश्र का कहना है कि ओवरहेड टैंक के फुंके मोटर की मरम्मत कराने के लिए जल निगम के अधिशासी अभियंता को निर्देश दिया गया है। एक्सईएन से रिपोर्ट मांगी गई है।