मऊ। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में जिला जज जयश्री आहूजा के निर्देशन में शनिवार को बाल संप्रेक्षण गृह में विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें किशोरों को कानूनी जानकारी दी गई। इस दौरान प्राधिकरण के सचिव शिवकुमार ने संप्रेक्षण गृह का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान 115 किशोर बंद मिले। किशोरों को मिलने वाले भोजन आदि सब कुछ सही मिला। एक किशोर हमीरचंद ने अपने मुकदमे की पैरवी के लिए सरकारी खर्चे पर अधिवक्ता उपलब्ध कराए जाने की मांग किया। जिस पर सचिव ने संप्रेक्षण गृह के अधीक्षक से उसका प्रार्थना पत्र अग्रसारित कर प्राधिकरण में भेजे जाने का निर्देेेश दिया।
शिविर में प्राधिकरण के सचिव शिवकुमार ने किशोरों को उनके संवैधानिक अधिकारो और कर्तव्यों की जानकारी दी। कहा कि संविधान के अनुच्छेद 39 ए में सभी के लिए न्याय सुनिश्चित किया गया है। साथ ही गरीब और समाज के कमजोर वर्ग के लिए नि:शुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराए जाने का प्रावधान है। अपर जिलाधिकारी डीपी पाल ने किशोरो से अच्छी शिक्षा ग्रहण कर अपराधिक कार्यो को छोड़कर समाज और देश की सेवा में जुट जाने की सलाह दिया। शिविर में अपर पुलिस अधीक्षक शैलेंद्र कुमार श्रीवास्तव , संप्रेक्षण गृह के अधीक्षक सीएल श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।