मऊ। भूमि विवादों के निस्तारण के लिए उत्तर प्रदेश शासन के निर्देश पर 04 जनवरी,2018 से श्रावस्ती मॉडल प्रारंभ किया जाएगा। जनपद के सभी थाना क्षेत्रों के लिए दो-दो टीमें गठित की जाएंगी। प्रत्येक टीम में प्रभारी सहित 10 कर्मचारी होंगे। इनमें राजस्व, पुलिस, चकबंदी के अधिकारी कर्मचारी शामिल किया जाएगा। इस प्रकार प्रत्येक महीने में चार दिन अर्थात प्रत्येक सप्ताह में 22 गांवों में इन टीमों के द्वारा भूमि विवादों का निस्तारण किया जाएगा।
भूमि विवाद को निपटाने के लिए पुन: श्रावस्ती मॉडल की शुरूआत करने का निर्णय जिलाधिकरी प्रकाश बिंदु ने लिया। इसी क्रम में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक हुई। बैठक में पुलिस अधीक्षक, सभी उपजिलाधिकारी, सभी क्षेत्राधिकारी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने बताया कि आईजीआरएस के तहत सबसे अधिक शिकायतों वाले गावों को चिन्हित किया जाएगा। जिलाधिकारी ने कहा कि भूमि विवाद के अलावा अन्य विवादों,समस्याओं को भी दूर करने के लिए सभी अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित रहेंगे। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों कर्मचारियों को निर्देश दिया कि निर्धारित तिथि चार जनवरी 2018 को चिन्हित गांवों में संबंधित थानों से तथा संबंधित विभागों से टीमें जाएगी यदि इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही तथा कर्मचारी अधिकारी द्वारा अनुपस्थिति मिलेगे तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकरी ने रोस्टर के अनुसार सभी थानों में टीमें बनाने के लिए सभी उप जिलाधिकारियों एवं क्षेत्राधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी तहसीलों एवं थानों में टीमें गठित करा लें। जिससे चार जनवरी को टीमें निर्धारित गांवों में समय पर पहुंच सकें।