वृंदावन(मथुरा)। छटीकरा मार्ग स्थित सुखधाम आश्रम में शुरू हुई ब्रज चौरासीकोस परिक्रमा यात्रा का शुभारंभ विभिन्न क्षेत्रों से आए भक्तों ने केशीघाट पर यमुना पूजन से किया। यमुना का दुग्ध अभिषेक कर भक्तों ने यमुना प्रदूषण मुक्ति में सहयोग का संकल्प लिया। यह यात्रा आठ दिसंबर को पूरी होगी। सोमवार प्रात: आचार्य घनश्याम दुबे के आचार्यत्व में केशीघाट पर भक्तों ने यमुना पूजन एवं चुनरी मनोरथ किया।
इसके बाद परिक्रमार्थी यमुना पार बेलवन के लक्ष्मी मंदिर पहुंचे। यहां श्रद्धालुओं को लक्ष्मी मंदिर के महत्व के बारे में बताया तथा लक्ष्मीजी का पूजन करने के बाद परिक्रमा मांट, भांडीरवन, वंशीवट, श्रीदामा मंदिर, मानसरोवर, राधारानी मंदिर होते हुए राधाजी की जन्मस्थली रावल के दर्शन कर मथुरा के विश्राम घाट पहुंची। यहां भगवान द्वारिकाधीश के दर्शन व चौरासीकोस परिक्रमा में पड़ने वाले स्थलियों का दर्शन व महत्व को जानने के बाद यात्रा शाम को सुखधाम भवन पहुंची। परिक्रमा कर रहे श्रद्धालुओं ने जमकर आनंद लिया। इस अवसर पर डॉ. स्वामी सत्यमित्रानंद, गजेंद्र कुमार शर्मा, मारुति सिंह, चंदन सिंह यादव, रविकांत शर्मा, नीरज दीक्षित, दिनेश सिंह, हरिनिवास दुबे आदि मौजूद रहे।