मथुरा के जमुनापार और बलदेव थाना क्षेत्र में दो विवाहिताओं ने संदिग्ध हालात में फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। पुलिस ने दोनों के शवों का पोस्टमार्टम वीडियोग्राफी और चिकित्सकों के पैनल से कराया है।
अलीगढ़ के महुआखेड़ा स्थित हाजीपुर निवासी इंद्रजीत सिंह ने बताया कि करीब डेढ़ साल पहले उन्होंने अपनी बहन अंजलि का विवाह जमुनापार थाने के दीवान खुर्द निवासी राजा उर्फ राजकुमार के साथ किया था। राजकुमार ऑटो चालक है और आए दिन अपनी मां, बहन के साथ मिलकर उनकी बहन के साथ मारपीट करता था। सोमवार की सुबह उन्हें फोन आया कि अंजलि ने फांसी लगाकर जान दे दी है। वह मौके पर पहुंचे तो अंजलि का शव घर के ऊपर बने कमरे में पड़ा था।
कमरे में जिस पंखे से फंदा लगाने की बात कही पंखे पर धूल जमी हुई है। उनकी बहन की गर्दन पर रस्सी का निशान था। ऐसा लगता है रस्सी से दो लोगों ने मिलकर उसका गला घोंटकर हत्या की है। सीओ संदीप सिंह ने बताया कि परिजन ने हत्या का आरोप लगाया है, लेकिन तहरीर नहीं दी है। मौके से फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य एकत्रित किए हैं।
दूसरी घटना
दूसरी ओर बलदेव के गढ़ी महीराम निवासी सौरभ की पत्नी चंचल (25) ने सोमवार को कमरे में फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। भरतपुर के सिनसिनी निवासी भूरी सिंह ने बताया कि उन्होंने अपनी बहन की शादी 5 साल पहले की थी। सोमवार की सुबह उन्हें जानकारी मिली कि बहन ने फंदा लगाकर अपनी जान दे दी है।
उन्होंने बताया कि सोमवार को चंचल के ससुर डोरीलाल खेत से घर आए। चंचल ने अपने ससुर को खाना दिया। इसके बाद कमरे में चली गई। कुछ देर बाद पड़ोस में रहने वाला एक लड़का सब्जी देने के लिए आया तो चंचल को फंदे पर लटका देख चिल्लाते हुए भागा। तब लोगों को जानकारी हुई। उन्होंने बताया कि चंचल ने फंदा लगाकर जान क्यों की इसकी जानकारी नहीं हो सकी है। सीओ मांट गुंजन सिंह ने बताया कि विवाहिता के शव का पोस्टमार्टम वीडियोग्राफी और चिकित्सकों के पैनल से कराया गया है।