मथुरा। मथुरा के महोली रोड एवं बीएसए इंजीनियरिंग कॉलेज के आसपास की दर्जनों कॉलोनियों में बुधवार को दूसरे दिन भी पेयजल संकट बना रहा। लोग दिनभर पीने के पानी की जुगत में लगे रहे। कृष्ण विहार कॉलोनी, जनकपुरी, प्रताप नगर सहित कई कॉलोनियों के लोगों ने पानी खरीद कर पिया। पेयजल संकट गहराने से लोगों में रोष व्याप्त है।
बुलंदशहर के पालड़ा से पेयजल आपूर्ति न मिलने से बीएसए इंजीनियरिंग कॉलेज और महोली रोड स्थित दर्जनों कॉलोनियों में पेयजल संकट गहरा गया। कृष्ण विहार, जनकपुरी, प्रताप नगर, वेस्ट प्रताप, आशापुरी, बलदेवपुरी सहित दो दर्जन से अधिक कॉलानियों में पेयजल संकट के कारण लोग पीने के पानी का इंतजाम करने में लगे हैं। बृहस्पतिवार को भी लोग बाल्टी, प्लास्टिक कैन से दूसरे क्षेत्रों से पीने का पानी लाए। अधिकांश लोग पानी की बोतल खरीदने को मजबूर हुए।
कृष्ण विहार निवासी कविता सक्सेना और राकेश कुमार ने बताया कि जब से कॉलोनी में पानी की टंकी गिरी है तभी से पानी की किल्लत बनी हुई है। नियमित रूप से पानी न मिलने के कारण न सफाई कार्य हो पा रहा है ना ही पीने का पानी मिल पा रहा है। नगर निगम के टैंकर कॉलोनी में मात्र तीन आ रहे हैं,जिनसे कुछ ही घरों में पानी मिल पाता है जबकि कॉलोनी के बाकी लोग पीने का पानी नहीं मिल पा रहा है।
बलदेवपुरी निवासी सनोज कुमार और पिंकी यादव ने बताया कि नगर निगम मीठे पानी की समस्या का निदान नहीं कर पा रहा है, जबकि इस समस्या के संबंध में स्थानीय लोगों ने कई बार प्रदर्शन कर रोष व्यक्त किया था। इसके बावजूद नगर निगम लोगों की मूलभूत समस्या के निदान करने में असफल साबित हो रही है। नगर निगम के एक्सईएन राम कैलाश ने बताया कि बुलंदशहर से गंगाजल मथुरा को दस क्यूसेक मिलता था। जो कि अब इससे भी आधा ही मिल पा रहा है। जहां गंगाजल की आपूर्ति नहीं हो पा रही है, वहां नलकूपों और 35 टैंकरों से पेयजल की आपूर्ति की जा रही है।
150 से अधिक टैंकरों से की समाजसेवी ने पेयजल आपूर्ति
समाजसेवी प्रमोद गर्ग कसेरे द्वारा कृष्ण विहार कॉलोनी सहित जिन क्षेत्रों में पेयजल न होने की फोन पर शिकायत मिली उन क्षेत्रों में दिनभर टैंकरों से पानी की आपूर्ति की गई है। समाजसेवी ने बताया कि करीब 150 से अधिक टैंकरों से मथुरा के विभिन्न क्षेत्रों में पेयजल की आपूर्ति की गई है। आगे भी यदि किसी कालोनी में पेयजल की आवश्यकता हो तो कालोनीवासी उनसे संपर्क कर सकते हैं।