मथुरा। छाता उपडाकघर में जाली टिकट लगाकर डाक भेजे जाने के मामले में डाक विभाग को 31.79 लाख रुपये राजस्व के नुकसान के बाद अब विभाग के अधिकारी सतर्क हो गए हैं। जिले में संचालित एक प्रधान डाकघर, 197 शाखा डाकघर और 52 उप डाकघरों से डाक बुक करने आने वालों पर विभाग के अधिकारी नजर रखे हुए हैं।
डाक विभाग के अधिकारियों ने बताया कि अब सभी डाकघरों में निर्देश दिए गए हैं कि डाक बुक करने आने वाले लिफाफों में लगी टिकटों की बारीकी से जांच की जाए। उन्होंने कहा कि जो भी व्यक्ति बाहर से टिकट लगाकर ला रहा है, उसकी टिकट को काफी गहनता से चेक किया जाए।
प्रवर डाक अधीक्षक विजेंद्र ने बताया कि डाकघरों या विभाग द्वारा वैध स्थानों से ही डाक टिकट खरीदें। उन्होंने कहा कि जाली टिकट बिल्कुल असली जैसी ही प्रतीत होती हैं, इसलिए सावधानी जरूरी है।