मथुरा। जिले के कक्षा 1 से 8 तक के परिषदीय और निजी स्कूलों में अब छुट्टी के समय विद्यार्थियों की सड़क सुरक्षा को लेकर कड़े निर्देश जारी किए गए हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रतन कीर्ति ने सभी प्रधानाध्यापकों, प्रभारी प्रधानाध्यापकों और प्रबंधकों को आदेश जारी किया है। बीएसए ने स्पष्ट किया है कि छुट्टी के वक्त मुख्य मार्गों पर यातायात का भारी दबाव रहता है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। इसके मद्देनजर हर स्कूल को छुट्टी के दौरान मुख्य द्वार या सड़क पार कराने वाली जगह पर अनिवार्य रूप से कम से कम दो शिक्षकों की ड्यूटी लगानी होगी। जरूरत पड़ने पर स्कूल प्रबंधन यातायात पुलिस और स्थानीय प्रशासन से भी समन्वय स्थापित करेगा। निर्देशों का कड़ाई से पालन न करने और किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बालवाटिका के बच्चों को मिलेगी राहत, प्री-प्राइमरी कक्षाओं का समय तय
संवाद न्यूज एजेंसी
मथुरा। जिले के परिषदीय प्राथमिक, उच्च प्राथमिक एवं कंपोजिट विद्यालयों में संचालित प्री-प्राइमरी (बालवाटिका) कक्षाओं के नौनिहालों के लिए राहत भरी खबर है। अब बालवाटिका के बच्चों को प्रतिदिन अधिकतम चार घंटे ही पढ़ाया जाएगा। बीएसए रतन कीर्ति ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं। बच्चों की आयु और मनोवैज्ञानिक आवश्यकताओं को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। चार घंटे की पढ़ाई पूरी होने के बाद यदि अभिभावक अपने बच्चे को घर ले जाना चाहते हैं, तो उन्हें इसकी अनुमति दी जाएगी। वहीं जो अभिभावक निर्धारित समय तक बच्चे को स्कूल में रखना चाहते हैं, उनके लिए विद्यालय में सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराया जाएगा। बीएसए ने सुरक्षा और सुपुर्दगी की जिम्मेदारी विद्यालय स्तर पर तय की है। यह संशोधित व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है।