मथुरा। उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा का पर्चा लीक होने के मामले में तार मथुरा से जुडे़ बताए जा रहे हैं। रविवार को मथुरा के कई केंद्रों पर एसटीएफ की गतिविधियां देखने को मिली हैं। सूत्र बताते हैं कि दो लोगों को यहां से उठाकर एसटीएफ अपने साथ ले गई है। कहा जा रहा है कि नोएडा, गाजियाबाद, बुलंदशहर, मेरठ के साथ मथुरा के व्हाट्सएप ग्रुप में टैट(यूपी शिक्षक पात्रता परीक्षा) पेपर वायरल हुआ है।
मथुरा के 45 परीक्षा केंद्रों पर दूर-दूर से आये परीक्षार्थियों की सुबह से भीड़ लग गई थी। परीक्षा केंद्रों पर परीक्षार्थियों की एंट्री भी हो गयी और पेपर बांट दिया गया लेकिन करीब आधे घंटे बाद परीक्षार्थियों को पर्चा लीक होने की वजह से परीक्षा रद्द करने की सूचना मिली।
जानकारी होने पर परीक्षा देने आये परीक्षार्थी परीक्षा केंद्रों से बाहर आ गये। इसके बाद चर्चाओं का बाजार गर्मा गया। कहा जा रहा है कि प्रदेश के कई शहरों के साथ एसटीएफ ने मथुरा में भी इस मामले में कार्रवाई की है। दो लोगों को उठाया गया है, जिन्हें एसटीएफ अपने साथ ले गई है।
परीक्षार्थी हो गए मायूस
रविवार को जनपद स्तर पर टैट के लिए व्यापक स्तर पर इंतजाम किए गए थे। सुरक्षा के साथ मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए। पहली पारी की परीक्षा माध्यमिक वर्ग की सुबह 10 से 12:30 बजे तक होनी थी। इसमें 21,078 परीक्षार्थी पंजीकृत थे, जबकि दूसरी पारी की परीक्षा में पूर्व माध्यमिक स्तर के परीक्षार्थियाें की थी जिसमें 13,062 परीक्षार्थियों को शामिल होना था। सभी परीक्षार्थी समय पर केंद्रों पर पहुंचे। भीड़ का दबाव शहर भर में देखने को मिला। प्रशासनिक अमला भी भागता नजर आया। लेकिन चर्चाओं के बीच दोपहर के वक्त सूचना आई कि परीक्षा निरस्त कर दी गई है। इससे परीक्षार्थी मायूस नजर आए। जैसे-जैसे यह सूचना केंद्रों तक पहुंची परीक्षा छोड़ने का क्रम शुरू हो गया। चर्चाओं का दौर यह रहा कि परीक्षा निरस्त होने का कारण टैट का प्रश्नपत्र आउट हो गया है। इसमें मथुरा भी शामिल है।
परीक्षा नियामक प्राधिकरण प्रयागराज के निर्देश पर दोनों पालियों की परीक्षा स्थगित कर दी गयी है और प्रदेश के दूसरे हिस्सों से आये परीक्षार्थियों को सुरक्षित वापस भेजे जाने के लिये प्रशासन की ओर से आवश्यक इंतजाम किए गए।
नवनीत सिंह चहल, जिलाधिकारी
परीक्षा पेपर आउट करने के मामले में एसटीएफ की छापेमारी के बारे में यहां की पुलिस को कोई जानकारी नहीं है। दो लोगों की गिरफ्तारी के मामले में उन्हें कोई एसटीएफ की तरफ से सूचना नहीं दी गई । -डॉ.गौरव ग्रोवर, एसएसपी