मथुरा। मतदाता गहन पुनरीक्षण अभियान (एसआईआर) की समय सीमा 11 दिसंबर को खत्म हो रही है। जिले में फॉर्म भरने और जमा करने का काम लगभग पूरा हो चुका है। पांच विधानसभा क्षेत्रों में 80 फीसदी तक मतदाताओं की फीडिंग हो चुकी है। मैपिंग चल रही है। जिले में तकरीबन तीन लाख मतदाताओं के नाम कट जाएंगे। इससे जिले में मतदाताओं की संख्या में गिरावट आएगी।
जिले में मतदाता सूची के पुनरीक्षण में आखिरी समय में शिविर लगाकर फॉर्म भरवाने और एकत्र कराना का काम कराया गया। छाता, मांट, मथुरा-वृंदावन, गोवर्धन और बलदेव विधानसभा क्षेत्रों में एसआईआर के प्रथम चरण का काम 99 प्रतिशत पूरा हो चुका है। छाता में सबसे ज्यादा मृतकों के नाम सूची से हटाए गए, जबकि मथुरा-वृंदावन में शिफ्टिंग वाले मतदाताओं की संख्या ज्यादा रही। उप जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. पंकज वर्मा ने बताया कि जिले में फीडिंग 80 प्रतिशत, फीडिंग के सापेक्ष जिले के मैपिंग 73.36 प्रतिशत, एएसडीडी सूची 32ं4206 रही। एसआईआर से पहले जिले में 19.45 लाख मतदाता थे। अब एसआईआर का काम लगभग पूरा हो चुका है। पुरानी सूची से मृतक, शिफ्टिंग वाले मतदाता, दो जगह से मतदाता सूचियों में नाम वाले मतदाता और मिलान नहीं हो पाने के कारण वंचित रहे मतदाताओं को हटा दिया गया। इस तरह तकरीबन तीन लाख मतदाता जिले की मतदाता सूची से कम हो गए हैं। उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि फीडिंग का काम चल रहा है। एसआईआर के बाद मतदाताओं की नई संख्या जारी की जाएगी। 16 दिसंबर को सूची का प्रकाशन किया जाएगा।