मथुरा। इस बार श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर ठाकुरजी के श्री विग्रह का अभिषेक सरयू नदी के पावन जल से होगा। अयोध्या से सरयू नदी का जल लाया जा रहा है। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपालदास महाराज जल लेकर आ रहे हैं।
श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान के सचिव कपिल शर्मा और सदस्य गोपेश्वरनाथ चतुर्वेदी ने बताया कि भगवान श्रीकृष्ण के जन्म महाभिषेेक में परम पवित्र सरयू नदी के जल का भी उपयोग किया जाएगा। श्रीराम जन्मभूमि अयोध्यापुरी से सरयू का जल लेकर श्रीराम जन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास महाराज 11 अगस्त को मथुरा पहुंचेंगे। मोक्षपुरी मथुरा एवं अयोध्या की परम पवित्र नदियां यमुना और सरयू के साथ गंगाजल का उपयोग भी श्रीकृष्ण जन्ममहाभिषेक के दिव्य एवं अलौकिक धार्मिक अनुष्ठान में किया जाएगा।
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास एवं श्रीकृष्ण जन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास महाराज के सानिध्य में भगवान श्रीकृष्ण के अलौकिक जन्ममहाभिषेक के कार्यक्रम संपन्न होंगे।
कई प्रकार के फूलों से सजेगा जन्मस्थान
जन्माष्टमी पर भागवत भवन में सजाए जाने वाले सुवर्ण आभा बंगले को तैयार करने में कारीगर जुटे हैं। यह बंगला हस्तशिल्प कला का एक उत्कृष्ट नमूना होगा।
श्रीकृष्ण जन्मभूमि न्यास के सचिव कपिल शर्मा ने बताया कि इस वर्ष भागवत भवन में सुवर्ण आभा अत्यंत सुंदर नक्काशी युक्त बंगले की सज्जा में रत्न प्रतिकृति जड़ी जाएंगी जो इसकी छटा को नयनाभिराम बनाएगी। बंगले की सज्जा में काष्ठ, पत्र-पुष्प, थर्माकॉल, वस्त्र, रत्न आदि का प्रयोग किया गया है। कारीगर सहयोगियों के साथ ठाकुरजी के इस अद्भुत बंगले के निर्माण में दिन-रात लगे हुए हैं।
श्री कृष्ण जन्मस्थान प्रांगण झिलमिलाएगा दीपमालाओं से
श्रीकृष्ण-जन्मस्थान सेवा संस्थान के सचिव कपिल शर्मा ने बताया कि भगवान श्रीकृष्ण के जन्म दिवस के अवसर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों को संपूर्ण शास्त्रोक्त विधान एवं परंपराओं के अनुरूप संपन्न कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस वर्ष श्रीकृष्ण जन्ममहोत्सव के अवसर पर भगवान श्रीकृष्ण का स्वागत भव्य दीपदान के आयोजन से किया जाएगा। भगवान के जन्म की बेला से पूर्व रात्रि 11 बजे संपूर्ण मंदिर प्रांगण में सहस्त्रों दीपक अर्पित किए जाएंगे। संस्थान के सदस्य गोपेश्वरनाथ चतुर्वेदी ने बताया कि दीप ज्योति प्रज्वलित करते समय सर्वे भवन्तु सुखिन, सर्वे सन्तु निरामया के संकल्प के साथ वैश्विक महामारी कोरोना से मानवता शीघ्र मुक्त हो, ऐसी भगवान श्रीकृष्ण के चरणों में प्रार्थना की जाएगी।