क्लैंसी इंटर कालेज में प्रबंधन और प्रधानाचार्य के बीच विवाद की गाज सात शिक्षकों पर भी गिरी है। कालेज प्रबंधक ने प्रधानाचार्य और लिपिक के निलंबन का विरोध करने वाले शिक्षकों को भी निलंबित कर दिया। उनके खिलाफ सदर थाने में तहरीर भी दी है। इस जिले भर के शिक्षक संगठन लामबंद हो गए हैं। शनिवार को कालेज परिसर में धरना भी दिया गया।
बता दें कि क्लैंसी इंटर कालेज में लंबे समय से प्रबंधन और प्रधानाचार्य के बीच विवाद है। इसके चलते प्रबंधक एसएन सिंह ने प्रधानाचार्य नीरज एस लाल और लिपिक ए होल्कर को पहले निलंबित और फिर बर्खास्त कर दिया था। प्रबंधक की कार्रवाई का कालेज के कुछ शिक्षकों ने विरोध किया और धरना प्रदर्शन भी किए। इस पर प्रबंधक ने कालेज के सात शिक्षक शैलेष चौहान, प्रमोद गौतम, रवि लॉरेंजो, रमेश दयाल, एनवीके नेथन, संजय जैकब और विशांत लाल को 22 जनवरी को निलंबित कर दिया। शिक्षकों के विरोध जताने पर उनके विरुद्ध सदर थाने में मारपीट की तहरीर दे दी।
सात शिक्षकों को एक साथ निलंबित करने की कार्रवाई को प्रधानाचार्य परिषद, माध्यमिक शिक्षक संघ और शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ के सभी गुटों ने उत्पीड़नात्मक बताया और शनिवार को कालेज पर धरना दिया। धरने में डॉ. भगत सिंह, संजय पचौरी, मनवीर सिंह, जयप्रकाश शर्मा, दिनेश भारद्वाज, आनंद शर्मा, पदम सिंह, अतुल सिंह, राधेश्याम शर्मा, शिवाजी सिंह समेत पीड़ित शिक्षक उपस्थित रहे।
सोमवार को डीआईओएस कार्यालय पर धरना
प्रधानाचार्य परिषद के अध्यक्ष डॉ. अजयकृष्ण सारस्वत, माशिसं के जिलाध्यक्ष वीके उपाध्याय, सुरेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि शिक्षकों पर की गई कार्रवाई का सभी शिक्षक संघ एकजुट होकर विरोध कर रहे हैं। मामले से डीआईओएस को भी अवगत कराया है। जिलाधिकारी को भी सूचना दी जाएगी। सोमवार को मथुरा-वृंदावन के सभी कालेजों को बंद कराकर डीआईओएस कार्यालय पर धरना दिया जाएगा।
शिक्षकों का निलंबन नियमानुसार किया गया है। यह मेरा व्यक्तिगत नहीं पूरी प्रबंध समिति का निर्णय है।
एसएन सिंह
प्रबंधक, क्लैंसी इंटर कालेज मथुरा