मथुरा। वृंदावन कुंभ के लिए आने वाले पानी का सैंपल भरवाते सीडीओ।
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मथुरा। वृंदावन कुंभ में होने वाले स्नान को लेकर प्रशासन सतर्कता बरत रहा है। बुधवार को सीडीओ ने कोसीकलां ड्रेन से लेकर वृंदावन में यमुना तक का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें कई जगह गंदा पानी भी मिला। इन स्थानों पर प्रदूषण विभाग से नमूने भरवाए गए। साथ ही प्रदूषण विभाग को पानी के प्रदूषण का स्तर सुधारने के लिए 10 फरवरी तक बायोरेमेडिएशन किए जाने के निर्देश भी दिए। जानकारी रहे कोसीकलां से मथुरा तक दस प्लांट लगाए जाने हैं।
बुधवार को जिलाधिकारी नवनीत चहल ने वृंदावन में होने वाले स्नान से पूर्व यमुना जल का स्तर जांचने के लिए सीडीओ डॉ. नितिन गौड़ को निर्देश दिए। सीडीओ द्वारा प्रदूषण विभाग के अधिकारियों के साथ कोसीकलां ड्रेन से लेकर केशीघाट वृंदावन तक नाव से निरीक्षण किया। इस निरीक्षण में उनके द्वारा कई स्थानों पर गंदा पानी भी देखा गया, जिसके बाद उनके द्वारा इन स्थानों से पानी के नमूने भी लिए। कोसीकलां ड्रेन से लेकर वृंदावन में केशीघाट तक पांच स्थानों पर नमूने लिए गए।
सीडीओ ने प्रदूषण विभाग के अधिकारियों को पानी को शुद्ध करने के लिए कुंभ के मद्देनजर लगाए जाने वाले पांच बायोरेमेडिएशन को 10 फरवरी तक किए जाने के निर्देश दिए। सीडीओ ने बताया कि उन्होंने प्रदूषण विभाग से ड्रेन से लेकर यमुना तक इंडस्ट्रीज के पानी को रोकने के निर्देश भी दिए। कहा कि सुनिश्चित करना होगा कि जिस पानी में साधु-संत स्नान करें वह पूरी तरह शुद्ध जल हो। जिस जल के नमूने लिए हैं, ऑक्सीजन लेबिल की रिपोर्ट बृहस्पतिवार को आएगी।