सीओ रिफाइनरी श्वेता वर्मा ने बताया कि मंगलवार रात को रिफाइनरी नगर के सामने श्रीजी मार्केट से आगे पुलिस वाहनों की चेकिंग कर रही थी। तभी मुखबिर ने सूचना दी कि काशीराम कट के पास मधुबनी खंडहर में बदमाश किसी वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहे हैं। सीओ रिफाइनरी श्वेता वर्मा, रिफाइनरी थाना प्रभारी अजय वर्मा, रिवार्डेड टीम प्रभारी अमित चौहान मौके पहुंच गए। घेराबंदी होते देख गांजा तस्करों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी।
जवाबी कार्रवाई में एक गांजा तस्कर की टांग में गोली लगी। तस्कर घायल साथी को ले जाने लगे। पुलिस टीम ने उनका पीछा किया और पांचों को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी में दो तमंचा-कारतूस मिले। सीओ रिफाइनरी ने श्वेता वर्मा ने बताया कि गोली लगने से जिला बिजनौर के थाना हल्दौर के लड़नपुर निवासी लोकेंद्र घायल हुआ है।
अन्य तस्करों ने अपने नाम हल्दौर थाना क्षेत्र के गांव लाडनपुर निवासी परवेंद्र चौधरी, बिजनौर के थाना चांदपुर के अहमद नगर निवासी मोहम्मद मोईन, थाना चांदपुर के महमुल्लापुर ढाकी निवासी इमरान तथा गोविंद नगर के नया बांस रानी मंडी निवासी मो. अख्तर बताए। पुलिस ने उपचार के बाद सभी तस्करों को कोर्ट में पेश किया। यहां से उन्हें जेल भेज दिया।
लोकेंद्र हैं तस्करी का मास्टरमाइंड, 12 मुकदमे हैं दर्ज
सीओ रिफाइनरी श्वेता वर्मा ने बताया कि लोकेंद्र पूरे गैंग का मास्टर माइंड है। सभी लोग उड़ीसा से गांजा लेकर आए थे। क्षेत्र में फुटकर विक्रेताओं को सप्लाई करने के लिए खड़े थे। लोकेश के ऊपर बिजनौर के विभिन्न थानों में 12 मुकदमे दर्ज हैं। परवेन्द्र के खिलाफ बिजनौर और हरदोई में पांच मुकदमे दर्ज हैं। इसके अलावा अन्य आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जानकारी की जा रही है।