मथुरा जिले की मांट तहसील के नौहझील, बाजना और सुरीर में शनिवार सुबह आंधी, बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई। किसानों ने बताया कि करीब 10 मिनट तक नौहझील क्षेत्र में ओले पड़े। इनका वजन 200 ग्राम तक रहा। साथ ही एक घंटे तक तेज बारिश हुई। ओले भी एक घंटे तक पिघले नहीं। ऐसे में खेत में तैयार खड़ी फसलों में काफी नुकसान पहुंचा।
किसानों के अनुसार आलू, सरसों और गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचा है। उधर, मांट विधायक राजेश चौधरी व एमएलसी योगेश नौहवार ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर मुआवजे की मांग की। इसके अलावा विधायक राजेश चौधरी ने खेतों में पहुंचकर नुकसान फसलों का हाल जाना।
किसानों के अनुसार, बारिश से सरसों और गेहूं की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। सुबह से ही बदले इस मौसम ने किसानों की फिर चिंता बढ़ा दी थी। बाजना क्षेत्र में हजारों हेक्टेयर में आलू, सरसों, गेहूं की फसल है। किसान सोनू प्रधान ने कहा कि हर बार फसल पकने के दिनों में मौसम खराब हो जाता है और ओलावृष्टि उनकी फसलों को बर्बाद कर देती है। पिछली क्षतिग्रस्त फसलों का ही मुआवजा प्राप्त नहीं हुआ है कि फिर से उनकी फसल खराब हो गई है।
किसान नेता तेज बहादुर सोनी ने कहा कि नौहझील, बाजना क्षेत्र के सैकड़ों गांव समेत अन्य किसानों की सौ प्रतिशत फसल खराब होने की जानकारी आई है। किसान पहले से भारी आर्थिक तंगी से गुजर रहा है और अब इस प्राकृतिक आपदा की वजह से किसानों को भारी नुकसान हुआ है। फसलों में हुए नुकसान का सर्वे कराकर मुआवजा दिलाने का काम करेंगे।
किसानों ने बताया कि गेहूं फसल के लिए सालभर इंतजार करते हैं लेकिन तेज आंधी, बारिश व ओलावृष्टि से फसल पूरी तरह चौपट हो गई है। किसान सोनू प्रधान, रोहतास चौधरी, अजय सरपंच, चेतन नौहवार, शिवा चौधरी, जयदेव चौधरी, सुभाष चौधरी ने सर्वे करा मुआवजे की मांग की है।