यमुना एक्सप्रेस-वे के किनारे ग्राम दौलतपुर अंडरपास के पास इन बदमाशों की घेराबंदी की गई। घेराबंदी तोड़ने को उन्होंने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी फायरिंग में उनके दो साथी घायल हो गए। पुलिस ने घायलों सहित छह को गिरफ्तार किया।
इनकी पहचान आगरा के ग्राम पारोली सिकरवार, फतेहाबाद निवासी रामेश्वर (गिरोह सरगना), इसी गांव के हरिकांत, नत्थापुरा खेरे डाढा झोरियान, पिनहाट निवासी इंद्रपाल उर्फ छिंगा, इसी गांव के रामचंद्र, महेंद्र सिंह और सुनील उर्फ विवेक व के तौर पर हुई है।
रामेश्वर और इंद्रपाल के पैर में गोली लगी है। इनके पास से दो अवैध, चार कारतूस, एक सब्बल, एक हैवी कटर, दो छैनी, एक छोटा प्लास, एक संडसी, एक अर्टिगा कार, पीली और सफेद धातु के कुछ आभूषण, नगदी बरामद हुई है। घायलों का उपचार कराते हुए सभी बदमाशों को जेल भेज दिया गया है।
पुलिस को इस प्रकार गुमराह करते हुआ पुलिस की पकड़ से बचते रहे और अपराध करते रहे। हैरानी की बात यह रही कि इस गिरोह के सभी बदमाश नवयुवक हैं। इंद्रपाल, जो कि गिरोह का सरगना है, उसने बताया कि उसके द्वारा ही पूरे गैंग को खड़ा किया गया है।
इंस्पेक्टर बलदेव त्रिलोक सिंह ने बताया कि हरिकांत और रामेश्वर गाड़ी चालक हैं। वारदात के समय चोरी-डकैती डालकर उड़ाए गए माल को वारदात स्थल से लेकर जाने का काम इन दोनों का है। गिरफ्तार करने वाली टीम में सर्विलांस प्रभारी विकास कुमार, एसआई नितिन राठी, सुरेंद्र कुमार भाटी, देवदत्त, इंतजार अली, हेडकांस्टेबल गोपाल सिंह, संजीव कुमार, कांस्टेबल यादवेंद्र कुमार, ओमप्रकाश नरवेंद्र कुमार शामिल रहे।