अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल मलिक ने कहा है कि जाटों को आरक्षण दिलाने में कमजोर पैरवी करने वालों को विधानसभा चुनाव मेें जाट समाज सबक सिखाएगा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश की 125 विधानसभा क्षेत्रों में इसका असर दिखेगा।
स्थानीय होटल में मीडिया से मुखातिब यशपाल मलिक ने कहा कि केंद्र की नौकरियों में आरक्षण की मांग करने और इस बारे में हुए आंदोलन, धरने को भाजपा के लोगों ने गलत तरीके से पेश किया। उन्होंने आरोप लगाया कि 14 फरवरी, 2016 को बीजेपी सांसद राजकुमार सैनी की कथित ओबीसी ब्रिगेड और पुलिस ने धरने पर बैठे लोगों पर बर्बरता पूर्ण कार्रवाई की। इसके बाद कोर्ट में जाट आरक्षण की पैरवी नहीं की।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के विधानसभा चुनाव में बीजेपी को जाट समाज सबक सिखाएगा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश की 125 विधानसभा सीटों पर जाट समाज के लोग बहुतायत में हैं। इन विधानसभा क्षेत्रों में जाट आरक्षण को लेकर भाजपा के नेताओं, अधिकारियों के कारनामे अभियान चलाकर बताए जाएंगे। वार्ता के दौरान राष्ट्रीय महासचिव वीरपाल सिंह, प्रदेश अध्यक्ष मानवेन्द्र शर्मा, प्रदेश उपाध्यक्ष बलबीर सिंह, ओमवीर सिंह उपस्थित रहे।