मथुरा। आगरा के प्रमुख चांदी कारोबारी अवधेश अग्रवाल की 28 अक्तूबर को पटना के बाकरगंज में बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में शक के आधार पर पटना पुलिस मथुरा के चांदी कारोबारी और उसके चालक को अपने साथ ले गई है।
पुलिस ने इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कर पड़ताल शुरू की तो हत्या के तार मथुरा से जुड़े मिले। इस पर पटना के थाना बाकरगंज से विवेचक अरुण कुमार टीम के साथ मंगलवार को मथुरा आ गए। यहां उन्होंने पूरे मामले से थाना गोविंद नगर प्रभारी निरीक्षक देवपाल सिंह को अवगत कराया। थाना प्रभारी गोविंद नगर ने बताया कि मामले में हत्यारोपियों ने जिस गाड़ी का प्रयोग किया वह मथुरा की महाविद्या काॅलोनी के रहने वाले निखिल अग्रवाल की है।
इस पर पुलिस ने सबसे पहले निखिल अग्रवाल को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने बताया कि उसकी गई गाड़ियां हैं जो चांदी के कारोबार में प्रयोग की जाती हैं। जिस गाड़ी के बारे में बताया जा रहा है उस गाड़ी को जैंत निवासी जितेंद्र सिंह चलाता है। इस पर पुलिस जैंत पहुंच गई और जितेंद्र सिंह को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से गाड़ी भी बरामद कर ली।
पुलिस दोनों को लेकर गोविंद नगर थाने आई। यहां घंटों की पूछताछ के बाद भी कोई समाधान नहीं निकला तो पुलिस चांदी कारोबारी और उसके चालक को कार समेत अपने साथ पटना ले गई। थाना प्रभारी गोविंद नगर ने बताया कि मृतक व्यापारी और मथुरा के चांदी कारोबारी दोनों की दुकान पटना में पासपास हैं।
अवधेश 30 साल से आगरा के अलावा पटना में कर रहे थे चांदी का कारोबार
आगरा के हरीपर्वत थाना क्षेत्र के परिणयकुंज निवासी प्रमुख सराफा कारोबारी अवधेश अग्रवाल की 28 अक्तूबर की रात को पटना में दो शूटरों ने फ्लैट में जाते समय अपार्टमेंट की सीढ़ियों पर गोली मारकर हत्या कर दी थी। सीसीटीवी फुटेज में दो हमलावर नजर आए हैं। पुलिस आरोपियों की तलाश करती हुई मथुरा तक पहुंची है। अवधेश अग्रवाल का 30 साल से आगरा के साथ ही बिहार में भी चांदी की पायल का बड़ा कारोबार है। पटना में उनकी एक मिठाई की दुकान भी है, जिसे किराये पर दे रखा है। थाना पीरबहोर स्थित बाकरगंज इलाके में फर्म का कार्यालय बना है। इसके पास ही वह एक फ्लैट है, जहां उनकी हत्या की गई।