वृंदावन। पर्यटन विभाग की ओर से तीर्थ स्थलों का भ्रमण कराने के लिए गाइडों की नियुक्ति की योजना का तीर्थ पुरोहित समाज ने विरोध किया है। गोकुल ब्राह्मण तीर्थ पुरोहित समिति के सलाहकार पंडित अमित भारद्वाज ने कहा कि तीर्थ स्थलों पर गाइडों की नियुक्ति से वर्षों पुरानी तीर्थ पुरोहितों की परंपरागत व्यवस्था प्रभावित होगी।
अमित ने कहा कि तीर्थ पुरोहित और पंडा समाज कई पीढ़ियों से यात्रियों व यजमानों को तीर्थ दर्शन कराते आ रहे हैं। उन्हें संबंधित तीर्थ स्थलों की ऐतिहासिक, धार्मिक और पौराणिक जानकारी का गहन ज्ञान होता है। इसी के आधार पर वे श्रद्धालुओं को तीर्थों के महत्व और उनकी प्राचीन परंपराओं से अवगत कराते हैं।
गाइडों को जितनी जानकारी दी जाएगी, सामान्य तौर पर उनकी जानकारी सीमित रहेगी। पर्यटन स्थलों की तर्ज पर तीर्थ स्थलों पर गाइडों की नियुक्ति करना तीर्थ पुरोहितों की आजीविका को प्रभावित करने वाला कदम होगा। विभाग को इस पर दोबारा विचार करना चाहिए।