मथुरा। जिले में 48 घंटे तक हुई बारिश के कारण किसानों को हुए नुकसान का सर्वे करने में जिला प्रशासन जुट गया है। जिला प्रशासन की तहसील स्तर पर टीमें सर्वे कर रही हैं। इधर, जिलाधिकारी, एसएसपी और एडीएम वित्त ने भी अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर नुकसान का जायजा लिया और पीड़ित किसानों से वार्ता की।
शनिवार को जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार सिंह और एसएसपी शैलेश कुमार पांडेय ने छाता के ग्राम कामर, लालपुर, देहगांव आदि का निरीक्षण किया। इस दौरान डीएम ने किसानों से वार्ता कर उनकी समस्याओं को जाना। उनके खेतों में हुए जलभराव को देखा। जिलाधिकारी ने ग्रामीणों को बताया कि एसडीएम, लेखपाल, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, कानूनगो कृषि विभाग समेत पूरे प्रशासनिक मशीनरी नुकसान का आकलन करने में जुटी है।
बताया कि कृषि विभाग एवं राजस्व विभाग की संयुक्त टीम बनाई गईं हैं, ताकि टीम भूमि, गाटा संख्या का सर्वे करेंगे, रिपोर्ट तैयार करे। 3 से 4 दिन में सर्वे का कार्य पूरा हो जाएगा। सर्वे की रिपोर्ट शासन को भेज कर जल्द ही पीड़ितों को मुआवजा दिलाया जाएगा। इस दौरान उनके साथ उपजिलाधिकारी छाता श्वेता मौजूद रहीं।
दूसरी ओर, एडीएम वित्त योगानंद पांडेय ने मांट तहसील के नौहझील खादर, लाना कसबा, लाना कौलाना, बाघरी बांगर, बरौठ बांगर, मीरपुर, सरकोरिया खंड, शैली गूजर, बिजौली बांगर, नगला इरवै आदि गांवों का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की टीम जनहानि, पशु हानि, फसल क्षति एवं मकान क्षति का सर्वे कर पीड़ितों को मुआवजा दिलाने में मदद करेगी।
कैबिनेट मंत्री प्रतिनिधि ने लिया जायजा, सरकार से मदद दिलाए जाने का दिया आश्वासन
पिछले दो दिन हुई तेज बारिश के बाद खराब हुई धान की फसल का शनिवार को उप्र के कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण के प्रतिनिधि नरदेव चौधरी ने जायजा लिया।
इस दौरान मंत्री प्रतिनिधि ने किसानों को धान की फसल में हुए नुकसान का मुआवजा सरकार से दिलाने का आश्वासन दिया। मंत्री प्रतिनिधि ने खेतों में जाकर किसान की बर्बाद हुई फसल को भी देखा। बताया कि कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण ने किसानों की समस्या से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी अवगत करा दिया है। करीब एक सप्ताह के अंदर ही रिवेन्यू और कृषि विशेषज्ञों का स्टाफ यहां सर्वे का काम पूरा करने के साथ ही तहसील स्तर से होने वाली सारी प्रक्रियाएं पूरी कर ली जाएंंगी, जिसके बाद किसानों को उनके नुकसान का मुआवजा सरकार की ओर से दिया जाएगा।