बैंकों में नकदी की किल्लत के बीच शनिवार को बुजुर्गों के लिए राहत रही। नए निर्देशों के तहत शनिवार को कैश एक्सचेंज के लिए सीनियर सिटीजन ही बैंकों की लाइन में थे। भीड़ का दबाव कम होने से बैंकों में कुछ रुटीन वर्क भी हुआ। इससे जमाकर्ता और कारोबारियों ने राहत की सांस ली है।
शनिवार को सुबह से ही बैंकों के बाहर वरिष्ठ नागरिक कतार में लगे थे। इनमें महिलाओं की संख्या अच्छी खासी थी। चूंकि शनिवार को केवल वरिष्ठ नागरिकों के ही नोटों को बदला जाना था ऐसे में न केवल बैंककर्मियों ने राहत की सांस ली वरन एक सप्ताह से ठप पड़ा बैकिंग कार्य भी शुरू हो सका।
हालांकि एटीएम मशीनों के बाहर लोगों का हुजूम लगा था। जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक एके प्रसाद ने बताया कि शनिवार को जिले की 280 शाखाओं में वरिष्ठ नागरिकों को 30 लाख से अधिक की धनराशि वितरित की गई है। हमने अपने मुख्यालय में नकदी की डिमांड भेजी है लेकिन अभी तक वो धनराशि नहीं आई है। जल्द ही ये रकम आ जाएगी, इसके बाद बैंकों में नकदी निकासी वाले लोगों को और राहत मिल सकेगी।
कैश के लिए भटकते रहे लोग
शनिवार को नोट बदलवाने के लिए बुजुर्गों ने जरूर राहत की सांस ली लेकिन खातों से निकासी के लिए बैंक पहुंचे लोगों के चेहरे मायूस ही रहे। बैंक पहुंचे राजवीर सिंह ने बताया कि उन्हें अपने चालू खाते से पचास हजार की रकम निकालनी थी लेकिन बैंक ने महज 30,000 की धनराशि ही मंजूर की है।