सप्ताह के अंत में पड़ रही पूर्णिमा, लोहड़ी और मकर संक्रांति पर्व पर उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए धर्मनगरी में तीन दिन के लिए चार पहिया वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। एक जनवरी को ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में उमड़े अपार जनसमूह पर व्यवस्थाएं फेल होने और यातायात व्यवस्था के लिए ये निर्णय लिया गया है।
ट्रैफिक व्यवस्था में बदलाव 13 जनवरी से लागू हो जाएगा। ये व्यवस्था 15 जनवरी की शाम तक लागू रहेगी। मथुरा की ओर से आने वाले छोटे और बड़े वाहनों को वृंदावन-पानीगांव रोड पर बैरियर लगाकर पार्क किया जाएगा और पानीगांव रोड पर बनी पार्किंग में खड़ा कराया जाएगा। छटीकरा की ओर से आने वाले वाहन रुक्मिणी विहार पर रोके जाएंगे।
यमुना एक्सप्रेसवे की ओर से आने वाले वाहन पानीगांव पुल के पास ही रोक दिए जाएंगे। इन सभी वाहनों को भी वहीं पार्किंग में खड़ा कराने की व्यवस्था की गई है। कोतवाली प्रभारी उदयवीर सिंह मलिक ने बताया कि 6 अन्य छोटे नाकों पर भी वाहनों को प्रवेश से रोका जाएगा। 13 जनवरी को सुबह भीड़ का दबाव अधिक होने पर व्यवस्था सुबह से लागू होगी अन्यथा दोपहर से वाहनों का प्रवेश बंद कर दिया जाएगा।
बांकेबिहारी मंदिर में बढ़ाए जाएंगे सुरक्षाकर्मी
बांकेबिहारी मंदिर में भीड़ के दबाव के दौरान व्यवस्था के लिए चौक में 12 से अधिक पुलिसकर्मी और दरोगाओं को लगाया जाएगा। इधर पुलिस की सख्ती के बाद ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर क्षेत्र के कुछ दुकानदारों और सेवायतों ने स्वयं ही अतिक्रमण हटा लिए।
परिक्रमा मार्ग से पुलिस ने अतिक्रमण हटवाए। बांकेबिहारी मंदिर प्रबंधन ने भी तीनों दिन होने वाली भीड़ को देखते हुए 20 अतिरिक्त सुरक्षागार्ड बुलाए हैं। प्रबंधक मुनीष शर्मा के अनुसार तीन दिन छुट्टी होने के कारण मंदिर में भीड़ होने की संभावना है। इसे देखते हुए मंदिर प्रबंधन भी तैयार है।