मथुरा। लंबे समय से अटकी मथुरा-वृंदावन ब्रॉड गेज परियोजना को एक बार फिर गति मिलने की संभावना बन गई है। प्रदेश सरकार रेलवे की जमीन खरीदने पर सहमत हो सकती है। इसके बाद एलीवेटेड रेलवे ट्रैक का रास्ता खुल सकता है। इस निर्णय के बाद मथुरा-वृंदावन रेल मार्ग पर ट्रेन संचालन शुरू हो सकता है।
यह परियोजना वर्ष 2017-18 में मंजूर हो गई थी। इसके तहत पुराने मीटर गेज ट्रैक को ब्रॉड गेज में परिवर्तित किया जा रहा था। फरवरी 2023 में इस परियोजना पर काम शुरू हो गया। रेलवे ने इसके लिए 402 करोड़ रुपये की लागत निर्धारित की थी। परियोजना पर तेजी से काम भी शुरू हुआ, लेकिन स्थानीय निवासियों और व्यापारियों के विरोध के चलते इसे स्थगित करना पड़ा था। विरोध का मुख्य कारण था कि जमीन अधिग्रहण से कई मकान और धार्मिक स्थल प्रभावित हो रहे थे। इसके साथ ही शहर को दो हिस्सों में बांटने की बात भी कही गई थी।
बोर्ड बैठक में हुई चर्चा
मथुरा की सांसद हेमामालिनी की इस परियोजना पर क्षेत्रीय सलाहकार समिति की बोर्ड बैठक में एलीवेटेड ट्रैक के प्रस्ताव पर चर्चा हुई। परियोजना को अब नई दिशा दी जा रही है। इस मॉडल में जमीन का उपयोग बहुत कम होगा और रेलवे लाइन ऊंचाई पर बनाई जाएगी, जिससे यातायात और धार्मिक मार्गों पर प्रभाव नहीं पड़ेगा। इसी उद्देश्य से प्रदेश सरकार रेलवे से आवश्यक भूमि खरीदने की तैयारी में है, जिससे परियोजना को फिर से शुरू किया जा सके।
ट्रैक तैयार होते ही हाईस्पीड ट्रेनें रुकेंगीनई व्यवस्था लागू होने पर ब्रॉड गेज ट्रैक से ट्रेन संचालन आसान होगा और भविष्य में वंदे भारत या अन्य हाई-स्पीड कनेक्टिविटी का मार्ग भी प्रशस्त हो सकता है। पर्यटन नगरी होने के कारण यह परियोजना यात्रियों, श्रद्धालुओं और स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
जनता की मांग थी एलीवेटेड ट्रैक बनाया जाए। इसके लिए प्रदेश सरकार से वार्ता चल रही है। सरकार रेलवे से भूमि ले लेगी। इसके साथ ही परियोजना पर काम शुरू हो जाएगा।
संजय गोविल, क्षेत्रीय सलाहकार समिति सदस्य उत्तर मध्य रेलवे
-
ब्रॉड गेज परियोजना निरस्त नहीं हुई है। इसे स्थगित किया गया है। जल्द ही इस परियोजना का काम शुरू होगा। -प्रशस्ति श्रीवास्तव, पीआरओ, आगरा रेल मंडल
-