मथुरा। रालोद के प्रदेश उपाध्यक्ष कुंवर नरेंद्र सिंह ने कहा कि रालोद के किसी भी कार्यकर्ता और पदाधिकारी पर झूठा मुकदमा या फिर रासुका लगाई गई तो पंचायत चुनाव भूलकर रालोद पुलिस-प्रशासन से दो-दो हाथ करने को मजबूर होगा। कहा कि 20 अप्रैल को पुलिस ने रालोद नेता योगेश नौहवार से सभा न करने की अपील की। पुलिस की बात से सहमत होकर वे पंचायत को लेकर गांव शंकरगढ़ी चले गए। सुबह से आए लोग कुछ भूखे थे तो वहां बन रहे खाने की पंगत पर बैठ गए। इस पर पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज किया और बने हुए खाने को पलट दिया। यह पुलिस का अमानवीय कृत्य था।
उन्होंने कहा कि ग्रामीणों में रोष होना स्वाभाविक था, इस पर ग्रामीणों ने पथराव शुरू कर दिया। पुलिस हमारी रक्षा के लिए है, लेकिन जब रक्षक ही भक्षक हो जाए तो टकराव होना स्वाभाविक है। मांट विधानसभा क्षेत्र का नेता होने के नाते योगेश का पंचायत में रहना स्वाभाविक था। उनके द्वारा पुलिस से कोई अभद्रता नहीं की और न पथराव में शामिल रहे। प्रदेश उपाध्यक्ष ने कहा कि पुलिस अच्छी तरह छानबीन करे। हम दोषियों को बचाना नहीं चाहते हैं लेकिन निर्दोषों को पकड़ने नहीं देंगे।