मथुरा। किसानों और ग्रामीणों को बिजली के बिल जमा करने के लिए इधर-उधर दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी। उनका बिजली का बिल सहकारी समितियों पर जमा होगा। शासन के निर्देश पर कुल छह सहकारी समितियों पर बिजली के बिल जमा होना प्रारंभ हो गया है। चयनित की गईं अन्य 14 सहकारी समितियों पर भी जल्द ही बिजली के बिल जमा होने प्रारंभ हो जाएंगे।
बिजली के बिल के लिए किसानों और ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता था। उनकी इस परेशानी को देखते हुए शासन ने सहकारी समितियों के माध्यम से बिजली के बिल जमा करने का निर्णय लिया है। इसके लिए जनपद की कुल 79 सहकारी समितियों में से 20 सहकारी समितियों को चयन किया गया था। इनमें से 6 सहकारी समितियों पर बिजली के बिल जमा किया जाना प्रारंभ हो गया है।
सहकारी समितियों पर बिजली के बिल जमा होने से दोनों ही लाभान्वित होंगे। समितियों पर जमा होने वाले बिल का कुछ प्रतिशत समितियों को भी दिया जाएगा। बाकी पैसा विद्युत विभाग के खाते में जमा हो जाएगा। इससे सहकारी समिति की भी कमाई होगी।
अभी स्टाफ की कमी
अभी स्टाफ की कमी होने के कारण बिजली के बिल चयनित किए गए अन्य 14 सहकारी समितियों पर जमा नहीं हो पा रहे हैं। जैसे ही स्टाफ पूरा होगा सभी समितियों पर बिल जमा किए जाएंगे।
फिलहाल छह सहकारी समितियों पर बिजली के बिल जमा होना प्रारंभ हो गया है। अन्य पर जल्द ही प्रारंभ कर दिया जाएगा।
- रविंद्र कुमार एआर कोऑपरेटिव