मथुरा। मथुरा-वृंदावन में स्ट्रीट वेंडरों के खातों से अब ऑनलाइन कारोबार का नया बाजार तैयार हो रहा है। इसमें डूडा की डिजीटल लेनदेन प्रोत्साहित करने की योजना कारगर साबित हो रही है। इसके चलते सब्जी विक्रेता से लेकर गोल गप्पे वाले भी अब डिजीटल लेनदेन करने लगे रहे हैं। इसमें उन्हें एक माह में २०० दफा डिजीटल लेनदेन करने पर १०० रुपये कैश बैक प्राप्त हो रहा है।
डूडा द्वारा प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत सड़क पर स्वरोजगार कर रहे ठेल, ढकेल सहित अन्य रोजगार करने वाले १८४३६ स्ट्रीट वेंडरों को रजिस्टर्ड किया है। सरकार ने पीएम स्वनिधि योजना के अंतर्गत दस हजार का लोन देन के लिए १५६७० स्ट्रीट वेंडरों का लक्ष्य निर्धारित किया गया। जिसके सापेक्ष डूडा ने १५२१० स्ट्रीट वेेेंडरों को दस-दस हजार का लोन दिया है।
अब इन सभी स्ट्रीट वेंडरों को डिजीटल लेनदेन के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। स्ट्रीट वेंडरों को बताया जा रहा है कि वह अपने बैंक से क्यूआर कोड हासिल कर लें। क्यूआर कोड को अपनी ढकेल, ठेला या अन्य स्थान पर लगा दें और जो भी ग्राहक सामान खरीदे भुगतान डिजीटल लेनदेन के तहत करने को कहें। इससे यदि एक माह में वह २०० दफा डिजीटल लेन-देन करते हैं तो उन्हेें १०० रुपये का कैश बैक प्राप्त होगा। वर्ष में उन्हें १२०० रुपये का कैश बैक प्राप्त होगा।
खानपान की दुकानों पर सर्वाधिक डिजीटल लेनदेन
पानी की टिक्की से लेकर पान की दुकान पर छोटा-छोटा लेन देन करने वाले स्ट्रीट वेंडरों को डिजीटल लेन देन से सर्वाधिक फायदा होगा।
बैंक से लेेें क्यूआर कोड
सभी स्ट्रीट वेंडर अपने-अपने बैंकों से क्यूआर कोड हासिल कर लेें और उसे अपने ठेल, ढकेल आदि पर लगा लें। जो भी अनाधिकृत वेंडर हैं वह रजिस्टेशन करा लें अन्यथा उन्हें उस स्थान से कभी भी हटाया जा सकता है।
- आरके कौशिक, पीओ डूडा
स्वरोजगार योजना में शहरी गरीबों को मिलेगा दो लाख तक का ऋण
स्वरोजगार योजना के अंतर्गत शहरी गरीबों के लिए डूडा १० हजार से २ लाख तक का ऋण उपलब्ध करा रहा है। इसके लिए बृहस्पतिवार को डूडा कार्यालय से फार्म मिलने प्रारंभ हो जाएंगे। यह आवेदन निशुल्क मिलेेंगे। पीओ डूडा आरके कौशिक ने बताया कि १९६ शहरी गरीबों को स्वरोजगार हेतु ऋण दिया जाना तय हुआ है।