वृंदावन रोड पर एक बालक की बस की चपेट में आकर मौत हो गई। हादसे के बाद बस लेकर भाग रहे भाग रहेचालक लोगों ने पीछा कर पकड़ लिया और उसे जमकर पीटा, बस में आग लगा दी।
मौके पर पहुंची पुलिस ने चालक को भीड़ से छुड़ाकर अपने कब्जे में लिया।इसी बीच परिवारीजनों और स्थानीय लोगों ने शव को सड़क पर रख जाम लगा दिया। पौने दो घंटे तक हंगामा होता रहा। पुलिस ने रूट डायवर्ट कर वाहनों को निकाला। बाद में डूडा में आवास व मुआवजे के आश्वासन पर परिवारीजनों ने शव पुलिस को सौंप जाम खोल दिया।
मरने वाला बालक अरुण (10) थाना फरह के गांव ओल निवासी पुरुषोत्तम सैनी का इकलौता पुत्र था। पुरुषोत्तम थाना गोविंद नगर क्षेत्र की किशोरी नगर कालोनी में किराए पर रहते हैं और एक साड़ी छपाई फैक्ट्री में मजदूरी करते हैं। घटना के वक्त दोपहर करीब 1:10 बजे अरुण अपने बाबा देवकी नंदन सैनी के साथ वात्सल्य अस्पताल के निकट सड़क पार कर रहा था।
हादसे के बाद भाग रही बस को लोगों ने बाइक से पीछा कर बिरला मंदिर चौकी के पास रोक लिया। जाम के दौरान लोगों ने अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी की। सूचना पर वृंदावन, मथुरा कोतवाली और सदर थाने का फोर्स लेकर एडीएम कानून व्यवस्था, सिटी मजिस्ट्रेट, एसपी सिटी, सीओ सिटी मौके पर पहुंचे। उन्होंने परिवारीजनों को समझाने का प्रयास किया।
पौने दो घंटे तक लगे जाम से दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गई। काफी देर बाद मथुरा-वृंदावन मार्ग पर यातायात सुचारु हो पाया। मामले में बालक के पिता पुरुषोत्तम ने बस चालक गोकुल निवासी सौंख अड्डा के खिलाफ गोविंद नगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।