जिले की नवनिर्वाचित ग्राम सभाओं के गठन के बाद प्रशासनिक अफसरों ने शुक्रवार को ग्राम प्रधानों को उनके दायित्व और अधिकारों से परिचित कराया। समितियों के गठन की अपील करते हुए गांवों को विकास की मुख्य धारा से जोड़ने की बात कही।
केडी डेंटल कालेज में आयोजित स्वच्छता अभियान कार्यशाला में प्रधानों को संबोधित करते हुए डीएम राजेश कुमार ने कहा कि गांव के लिए छह समितियां सुधार के लिए प्रत्येक स्तर को आच्छादित करती हैं। प्रधान इन समितियों में अच्छे लोगों को शामिल कर गांवों को विकास की मुख्य धारा से जोड़ सकते हैं।
पंचायती राज के माध्यम से सरकार ने ग्राम प्रधानों को असीम शक्तियां प्रदान की हैं। उन्होंने कहा कि प्रधान ग्राम पंचायत का लेखाजोखा सही रखें। अच्छे कार्य करने वाले प्रधान राष्ट्रपति द्वारा पुरस्कृत किए जाते हैं। उन्होंने प्रधानों से स्वच्छता और पॉलीथिन के प्रति ग्रामीणों को जागरूक करने को कहा।
महिला प्रधानों की कम उपस्थिति पर आपत्ति उठाते हुए कहा कि जो महिला प्रधान नहीं आई हैं, उन्हें अनुपस्थित माना जाएगा।
इस अवसर पर सीडीओ मनीष कुमार वर्मा ने कहा कि ग्राम पंचायत लोकतन्त्र की नींव है। हमारा देश गांवों का देश है। महात्मा गांधी की इच्छा थी कि हमारे देश की सरकार गांव से शुरू हो।
उन्होंने कहा कि प्रधान गांव के विकास की योजना बना लें। प्राथमिकता वाले कार्यों को सबसे पहले कराएं। उन्होंने 27 जनवरी से 03 फरवरी तक मातृत्व सप्ताह मनाए जाने की भी जानकारी दी।
इस अवसर पर सीएमओ डा. विवेक मिश्र, डीडीओ उमेश कुमार त्यागी, पीडी डा. एके वाजपेयी, सीवीओ डा. एसके मलिक, बीएसए अशोक कुमार सिंह, जिला समाज कल्याण अधिकारी डा. उमा शंकर शर्मा, जिला प्रोबेशन अधिकारी ओमप्रकाश यादव, डीएसओ केपी मिश्र और डीपीआरओ राजेन्द्र प्रसाद सिंह यादव ने विभागीय योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी।