दिल्ली-आगरा हाईवे पर बुधवार को डीजल लेकर आगरा जा रहे टैंकर पर से चालक नियंत्रण खो बैठा और टैंकर अनियंत्रित होकर हाईटेंशन लाइन के बिजली के खंभे से जा टकराया। टक्कर लगने के बाद टैंकर पलट गया और उसमें आग लग गई।
इस दर्दनाक हादसे में तीन महिला सवारियों की आग में जल जाने के कारण मौत हो गईं, चालक-क्लीनर समेत पांच लोग झुलस गए। आग की लपटों में झुलसकर तीन मवेशी भी मर गए। आग की लपटे इतनी तेज थी कि घटनास्थल के पास रह रहे लोग अपने घरों को छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर चले गए। हाईवे पर यातायात रोक दिया गया। आग पर काबू पाने और हाईवे पर फिर से यातायात चालू करने में पुलिस को तीन घंटे लग गए।
हादसा बुधवार दोपहर करीब 1:25 बजे थाना फरह क्षेत्र में गांव रैपुरा जाट के पास हुआ। इसमें आगरा के शमशाबाद रोड स्थित बरौली अहीर निवासी मंजू पत्नी श्रीकृष्ण, बबली पत्नी सुंदर, श्यामो पत्नी रामनाथ की मौके पर ही मौत हो गईं। यहीं की कुसमा पत्नी पप्पू, कमलेश पत्नी श्रीराम, सुशीला पत्नी बबुला, चालक जुगेंद्र निवासी बाजना नौहझील और क्लीनर बीनू झुलस गए।
इन्हें आगरा-मथुरा के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। बुधवार दोपहर करीब 12:30 बजे टैंकर चालक रिफाइनरी के पास स्थित एचपीसीएल ( हिंदुस्तान पेट्रोलियम कारपोरेशन लिमिटेड ) के तेल डिपो से डीजल लेकर आगरा के लिए चला था। गेट नंबर नौ के बाहर उसने छह महिला सवारियों को को टैंकर में बैठाया।
हादसे के वक्त टैंकर गांव रैपुराजाट के देवी मंदिर मोहल्ला के पास सिक्स लेन के लिए बनाई गई सर्विस लेन से होकर जा रहा था। बताया जा रहा है कि टैंकर काफी स्पीड पर था और बिजली के खंभे से टकराकर पलटने के बाद टैंकर से डीजल निकलकर सड़क पर फैल गया। बिजली के तारों से छूटी चिंगारी से सड़क पर फैले डीजल और टैंकर में आग लग गई।
चालक, क्लीनर और तीन अन्य महिलाएं तो किसी तरह से निकल गईं, लेकिन बबली, मंजू और श्यामो टैंकर में फंसी रह गईं। आग इतनी भयंकर थी कि आधा किलोमीटर तक पूरे इलाके में धुआं छा गया। आग की चपेट में आकर ग्रामीण राजकुमार व जसवंत की दो भैंस व एक गाय मर गई। सूचना पर आगरा, रिफाइनरी व मथुरा से दमकल, प्रभारी एसपी शैलेश पांडेय, एसडीएम सदर राजेश कुमार, सीओ रिफाइनरी सहित अन्य अधिकारी पहुंच गए।