बांकेबिहारी मंदिर के सेवायत की यज्ञशाला में शुक्रवार को संदिग्धावस्था में मृत पाए गए युवकों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट को परिजन स्वीकारने को तैयार नहीं है। रिपोर्ट में मौत का कारण दम घुटना आया है लेकिन परिवारीजन इसे सोची-समझी साजिश के तहत हत्या बता रहे हैं।
हत्या और हरिजन एक्ट जैसे मामले में आरोपी आनंद गोस्वामी, जुगल गोस्वामी, लाला और छोटू को चार दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस गिरफ्तार नहीं कर सकी है। इसे लेकर पीड़ित परिवारीजन और गांव के लोगों में आक्रोश है। मामले के विवेचक सीओ सदर अनिल यादव के अनुसार पुलिस निष्पक्ष रूप से पीएम रिपोर्ट के आधार पर जांच कर रही है। कई लोगों से पूछताछ कर भी साक्ष्य एकत्रित किए हैं। मामले में दोषी पाए जाने पर आरोपियों को बक्शा नहीं जाएगा।
इधर हिंदूवादी नेता रमेश पुजारी ने एसएसपी से 48 घंटे के अंदर दोषी सेवायतों को गिरफ्तार करने की मांगी की है। अन्यथा की स्थिति में बांकेबिहारी मंदिर के चबूतरे पर अनिश्चितकालीन आमरण अनशन करने की चेतावनी दी है।
जहांगीरपुर में सांकेतिक धरने पर बैठे पीड़ित परिवारीजनों से सोमवार को इंटक जिलाध्यक्ष ताराचंद्र गोस्वामी ने मुलाकात की और हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया है। उन्होंने परिवार को आर्थिक मदद देने की मांग की। इस दौरान अनु शर्मा, अनीता ठाकुर, परशुराम, गंगादेवी आदि उपस्थित थे।