दो साल पहले दर्ज हुए मामले में एक आरोपी का नाम विवेचना में हटाने के लिए सुरीर कोतवाली प्रभारी ने सौदे बाजी शुरू कर दी। इसके लिए उसने सात लाख रुपये की मांग की।
आरोपी सपा से जुड़ा हुआ और उसने पूरी डील का स्टिंग आपरेशन कर लिया। बुधवार को वह सपा जिलाध्यक्ष गुरुदेव शर्मा और अन्य सपा कार्यकर्ताओं को साथ लेकर एसएसपी से मिला और उन्हें रिकार्डिंग की सीडी सौंपी। एसएसपी ने सुरीर कोतवाली प्रभारी को निलंबित कर दिया है।
मामला 20 अगस्त 2010 का है। कालीचरन निवासी गांव भालई थाना सुरीर ने अपनी जमीन नोएडा निवासी उर्मिला पत्नी गिर्राज को बेची थी। जमीन का सौदा 97.5 लाख रुपये में हुआ। इस जमीन पर चार लाख रुपये का बैंक लोन था, जिसके चलते गिर्राज ने 10 लाख रुपये रोक लिए और बैनामा करा लिया। इसके बाद बैंक लोन जमा नहीं हुआ। गिर्राज ने भी दस लाख रुपये नहीं दिए।
इसी पर उर्मिला ने 2013 में थाना मांट में कोर्ट के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई। इसमें कालीचरन सहित जमीन बिकवाने मेें गवाह रहे राजवीर शर्मा और चार लोग नामजद हैं। इसी मामले में राजवीर से सुरीर कोतवाली प्रभारी सलीम खान सौदेबाजी कर रहे थे। एसएसपी ने सलीम खान को रिकॉर्डिंग सुनाकर उनकी आवाज के बारे में पूछा तो वे माकूल जबाव नहीं दे सके। एसएसपी ने सलीम खान को निलंबित कर दिया है।