पुलिस पर हमला कर हत्यारोपी को छुड़ा ले जाने के मामले को 60 घंटे बीत गए, लेकिन पुलिस ने हमलावरों को पकड़ना तो दूर उनके गांव में दबिश तक नहीं दी है। पुलिस का कहना है कि विवेचक तय होने के बाद दबिश दी जाएगी। ऐसे में आरोपियों को बच निकलने के लिए पूरा समय मिल रहा है, यहां तक कहा जा रहा है कि पुलिस गांव में जाने से ही डर रही है।
बता दें कि दलित किशोर के हत्यारोपी को पकड़कर मांट थाने लेकर पहुंची पुलिस टीम पर रविवार को गांव नानकपुर के ग्रामीणों ने हमला बोल दिया था। ग्रामीण हत्यारोपी रमेश को पुलिस कस्टडी से छुड़ाकर ले गए थे।
नौहझील प्रभारी निरीक्षक ने हमले का मुकदमा गांव नानकपुर के 14 नामजदों और 30-35 अज्ञात लोगों के खिलाफ दर्ज किया है। इस मामले में मंगलवार तक पुलिस ने आरोपियों के यहां दबिश तक नहीं दी।
मामले में आरोपियों को पकड़ने के लिए न तो कोई टीम गठित की गई है और न ही विवेचक तय किया गया। थाना नौहझील प्रभारी निरीक्षक राघवेंद्र सिंह का कहना है कि विवेचक तय होने के बाद ही गांव में दबिश दी जाएंगी।