हाईवे से सटे कर्मयोगी नगर में शनिवार को अंग्रेजी शराब की दुकान खुलने से कालोनीवासियों में आक्रोश फैल गया। हाथों में डंडे और हाकी लेकर बड़ी संख्या में महिलाएं शराब की दुकान पर पहुंच गईं। दुकान में तोड़फोड़ की और दुकान में लगे काउंटर, साइन बोर्डों को आग लगा दी। करीब डेढ़ घंटे तक हंगामा होता रहा। फिलहाल दुकान बंद रखने के आश्वासन पर हंगामा थमा।
सुप्रीम कोर्ट ने हाईवे से शराब की दुकानें हटाने का आदेश दिया था। इसी आदेश के चलते हाईवे से हटाकर ये दुकान कर्मयोगी नगर में शिफ्ट की गई। दुकान स्वामी मेहरुद्दीन के सेल्समैन शनिवार की सुबह दुकान खोली। कालोनी में शराब की दुकान खुलने से क्षेत्रीय लोग भड़क उठे। बड़ी संख्या में महिलाएं दुकान पर पहुंच गईं। उन्होंने सेल्समैन से दुकान बंद करने के लिए कहा।
विवाद बढ़ा और महिलाओं ने दुकान में रखी शराब की बोतलें सड़क पर तोड़नी शुरू कर दी। एक-एक करके सभी बोतलों को तोड़ डाला। दुकान का काउंटर और साइन बोर्ड उखाड़कर आग के हवाले कर दिया। करीब डेढ़ घंटे बाद पुलिस और आबकारी अधिकारी पहुंचे और कालोनीवासियों को समझाकर शांत किया।
आबकारी इंस्पेक्टर अनंत कुमार मिश्रा ने बताया कि फिलहाल दुकान को बंद करने के लिए कहा गया है।
दुकान में थी 1.30 लाख की शराब
कर्मयोगी नगर में दो दिन पहले शराब की दुकान शिफ्ट की गई थी। आबकारी विभाग के इंस्पेक्टर अनंत कुमार मिश्रा ने बताया कि शनिवार को ही दुकान स्वामी मेहरुद्दीन ने 1.30 लाख की शराब उठाई थी।
धर्मस्थलों-स्कूलों से नहीं हटी शराब की दुकानें
जनपद में स्कूल और धर्मस्थलों के समीप शराब की दुकानों को लेकर काफी दिनों से लोगों में उबाल है। शहर के प्रमुख देवी मंदिर मां बगलामुखी, गणेशजी, कैला मंदिर के अलावा स्कूलों के करीब खोली गई शराब की दुकानें भी बवाल करा सकती है।
फिलहाल कर्मयोगी नगर में शराब की दुकान को बंद रखने के लिए कहा गया है। कोई तहरीर नहीं आई है। अगर तहरीर आई तो रिपोर्ट दर्ज करके कार्रवाई की जाएगी।
-अशोक कुमार सिंह, एसपी सिटी