एक्सप्रेसवे पर बस और ट्रैक्टर ट्राली की भिड़ंत में मौत का शिकार हुए रामबाबू और प्रेमपाल के शव को रखकर ग्रामीणों ने टैंटीगांव के समीप राया-नौहझील मुख्य मार्ग पर जाम लगा दिया। उन्होंने प्रशासन की ओर से घोषित किए गए 40000 रुपये मुआवजा पर रोष जताया और उचित मुआवजा देने की मांग की।
ग्रामीणों के तेवर देख एडीएम प्रशासन और एसपी देहात मौके पर पहुंच गए। उनके 10 लाख रुपये मुआवजे के आश्वासन के बाद ही जाम खुल सका। इस दौरान मौके पर पहुंचे विधायक श्यामसुंदर शर्मा ने भूमिहीन मृतक के परिवारीजनों को अपनी ओर से एक लाख रुपये की सहायता की घोषणा की। चार घंटे तक लगे जाम से यात्रियों को भारी परेशानी हुई।
दुर्घटना में अब तक छह लोगों की मौत हो चुकी है। करीब 24 लोग घायल हैं। प्रशासन ने रात में ही मृतकों का पोस्टमार्टम करा दिया था। गुरुवार सुबह रामबाबू का शव जैसे ही टैंटीगांव पहुंचा, उन्हें देखने के लिए ग्रामीणों की भीड़ एकत्रित हो गई। लोगों ने प्रशासन की ओर से 40000 रुपये मुआवजा की बात सुनी तो उनमें रोष फैल गया। उन्होंने शव लाकर राया-नौहझील मार्ग पर रख दिया और मार्ग अवरुद्ध कर दिया।
वाहन एक्सप्रेसवे के सर्विस रोड से होकर निकलने लगे तो ग्रामीणों ने यमुना एक्सप्रेसवे के अंडरपास पुल पर सड़क पर अवरोध लगा कर वाहनों का आवागमन पूरी तरह से ठप कर दिया। गांव भद्रवन निवासी मृतक प्रेमपाल के शव को भी लाकर ग्रामीणों ने एक्सप्रेसवे के नीचे सड़क पर रख दिया।
आसपास गांवों के सैकड़ों ग्रामीणों ने मुआवजे की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। रोड जाम की सूचना पर कोतवाली सुरीर, मांट और नौहझील पुलिस मौके पर पहुंच गई। सूचना पर तहसीलदार राजितराम यादव और सीओ मांट जनक सिंह के साथ एसडीएम मांट अंजनि कुमार सिंह ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों को समझाया, लेकिन ग्रामीण अपनी बात पर अड़े रहे और उच्च अधिकारियों के न आने पर एक्सप्रेसवे पर चढ़ने की धमकी देने लगे।
इसके बाद एसपी देहात अजय कुमार और एडीएम प्रशासन अजय कुमार अवस्थी भी मौके पर पहुंचे। एसपी देहात ने मृतक के परिवारीजनों के साथ सहानुभूति जताई और उन्हें ज्यादा से ज्यादा मुआवजा दिलाने के लिए ग्रामीणों को विश्वास में लिया। मृतकाश्रितों को 10-10 लाख रुपये मुआवजे के लिए शासन को रिपोर्ट भेजने, भूमिहर मृतक को किसान बीमा का लाभ और भूमिहीन मृतक के आश्रित को जमीन का पट्टा देने का भरोसा दिया।
गुरुवार को दिन भर नहीं चलीं जेनर्म बस
मथुरा से राया-मांट होते हुए छह जेनर्म बस चल रहीं हैं। बुधवार को हादसे के बाद लोगों के आक्रोश को देखते हुए दिन भर इस मार्ग पर एक भी बस नहीं चली। इससे यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ी। उधर हादसे के मामले में जेएनयूआरएम प्रभारी मथुरा डिपो कौशल किशोर ने ट्रैक्टर चालक के खिलाफ थाना मांट में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
हादसे में घायल एक और ने दम तोड़ा
थाना मांट क्षेत्र में नौहझील मार्ग पर बुधवार शाम ट्रैक्टर ट्राली और जेनर्म बस में हुई आमने सामने की भिड़ंत में गंभीर रूप से घायल बीरी सिंह ने आगरा में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। इसके बाद हादसे में मरने वालों की संख्या छह हो गई। हाथरस के थाना चंदपा के गांव रोहई निवासी बीरी सिंह (35) पुत्र शांतिस्वरूप मथुरा में बेलदारी करने आते थे। वह अपनी बहन के गांव भद्रवन थाना मांट में रहते थे। बुधवार शाम हुई दुर्घटना में वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें आगरा रेफर किया गया था।