करोड़ों लोगों की आस्था के केंद्र बरसाना के विश्व प्रसिद्ध लाड़िलीजी मंदिर पर जबरन कब्जे की तैयारी थी। इसका खुलासा बुधवार को मंदिर को अपनी संपत्ति बताने वाले दिनेशदास और उसके साथियों के पुलिस के हत्थे चढ़ने के बाद हुआ। पुलिस का कहना है कि इनके पास से असलाह और बम पदार्थ बरामद हुए है। पुलिस इनसे पूछताछ कर रही है, बुधवार को पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।
मंगलवार को दिनेशदास के खिलाफ शहीद भगत सिंह क्रांति दल के सचिव गोकुलेश कटारा ने थाने में तहरीर दी थी। उसके खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर मंदिर के गोस्वामी और स्थानीय नागरिक डीएम से भी मिले थे। इसके बाद बरसाना पुलिस ने बुधवार देर शाम दिनेशदास सहित छह से अधिक लोगों को हिरासत में ले लिया। इनके पास से बम और असलाह बरामद हुए हैं। असलाह और बम बरामदगी की पुष्टि एसएसपी डा. राकेश कुमार सिंह ने की और बताया कि अभी कार्रवाई की जा रही है। एसपी देहात अजय कुमार और सीओ छाता ने देर रात थाना बरसाना पहुंचकर आरोपियों से पूछताछ की।
बता दें, दिनेश दास ने मंदिर के स्वामित्व संबंधी कागजात और अपने हक में कई आदेश होने दावा किया था। इसके विरोध में बरसाना के स्थानीय नागरिक और गोस्वामी समाज एकजुट हो गया था। वहां के तनावपूर्ण हालात को देखते हुए पुलिस तैनात कर दी गई थी। पुलिस प्रशासन ने स्वामित्व के दावे और कागजातों की जांच की तो उनमें अधिकांश गलत पाए गए। मुख्यमंत्री और न्यायालय के आदेश तक फर्जी और कूटरचित बताए जा रहे हैं।