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165 किलोमीटर के एक्सप्रेसवे पर 100 बदमाश

Mon, 17 Apr 2017 12:16 AM IST
पुनीत शर्मा
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नोएडा से आगरा तक 165 किलोमीटर के एक्सप्रेसवे पर 12 गैंग के 100 बदमाश लूटपाट कर रहे हैं। ये तो वह क्रिमिनल हैं जो पुलिस रिकार्ड में हैं। जबकि हरियाणा और दिल्ली के कुछ गैंग भी प्रकाश में आए हैं। सबसे बड़ा खतरा तो एक्सल और लिफाफा गैंग से है। हाल में जितनी भी वारदातें हुई हैं पुलिस उनमें इन्हीं गैंग का हाथ मान रही है।  

रफ्तार के सड़क पर इन दिनों खतरा बढ़ गया है। पुलिस की सूची में 12 गैंग हैं जो एक्सप्रेसवे पर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। 2015 से हरियाणा और दिल्ली के तीन गैंग भी यहां सक्रिय हैं। सबसे बड़ा खतरा बना है एक्सल गैंग। इस गैंग के बदमाश यमुना एक्सप्रेसवे के किनारे खड़े हो जाते हैं। रात को जब कोई गाड़ी गुजरती है तो साइकिल का एक्सल सड़क पर फेंक देते हैं।
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एक्सल के गिरने से तेज आवाज होती है जिससे गाड़ी चालक को लगता है कि कुछ गिर गया है। जैसे ही वह गाड़ी को रोकता है बदमाश गाड़ी को घेरकर लूट लेते हैं। इस गैंग ने जनवरी, 2016 में जेबर के पास ही 7 वारदातों को अंजाम दिया था।

दूसरा खतरनाक गैंग लिफाफा गैंग है। इस गैंग के बदमाश लग्जरी गाड़ियों से चलते हैं। एक्सप्रेसवे पर किसी सवारी के इंतजार में खड़े लोगों को लिफ्ट देकर गाड़ी में बैठा लेते हैं और चलती गाड़ी में ही नकदी और अन्य कीमती सामान लूट लेते हैं। मांट और नौहझील में इस गैंग ने कई वारदातों को अंजाम दिया है।   

ये गैंग हैं सक्रिय
साहून गैंग
एक्सल गैंग
लिफाफा गैंग
चप्पल गैंग
नगला हरिया का गैंग
भूड़ासानी का गैंग
जहरखुरानी गैंग
आटोलिफ्टर गैंग

बारह बजे से दो बजे तक करते वारदात
एक्सप्रेसवे पर सक्रिय बदमाश आमतौर पर रात को बारह बजे से दो बजे तक वारदातों को अंजाम देते हैं। गैंग ये मानकर चलता है कि इस समय पुलिस की गश्त ढीली हो जाती है। पुलिस वाले एक स्थान पर गाड़ी कर लेते हैं। वारदात को ऐसा प्वाइंट चुनते हैं जो टोल प्लाजा से करीब दो से तीन किलोमीटर की दूरी पर हो। उस स्थान पर पुलिस गश्त कम होती हो।  

नोएडा के आसपास लूटपाट करता साहून गैंग
डेढ़ लाख का इनामी बदमाश साहून का गैंग भी यमुना एक्सप्रेसवे पर वारदातें कर रहा है। क्योंकि  वह मथुरा जिले के विशंभरा गांव का रहने वाला है लिहाजा यहां वारदातों को अंजाम न देकर नोएड़ा के आसपास घटनाएं कर रहा है।

तीन टीमों ने 48 घंटे में दबिश दीं लेकिन कोई सफलता नहीं मिली
एक्सप्रेसवे के राया कट पर कपड़ा कारोबारी के बेटे से लूट की वारदात में 48 घंटे बीतने के बाद भी पुलिस बेसुराग है। इधर कारोबारी के पुत्र से लूट पर व्यापारियों ने रोष जताया है।

शनिवार तड़के साढे़ पांच बजे कपड़ा कारोबारी अमरनाथ अग्रवाल के पुत्र गौरव अग्रवाल को यमुना एक्सप्रेसवे के राया कट से अगवा कर 2.44 लाख रुपये, लैपटॉप और अन्य कीमती सामान लूट लिया गया था। बाद में कार सवार बदमाश उसे वृंदावन कट के समीप फेंककर भाग गए। लूट के खुलासे केे लिए पुलिस की तीन टीम लगाई गई हैं। लेकिन 48 घंटे में प्रगति शून्य है।

पुलिस गौरव अग्रवाल के बताए कार नंबर 6365 की तलाश कर रही है। यमुना एक्सप्रेसवे पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगाली जा रही हैं। थाना प्रभारी प्रमोद पवार ने बताया कि टीमें लगी हैं, जल्द ही खुलासा किया जाएगा।
व्यापार मंडल के अध्यक्ष किशन कुमार सर्राफ, चंद्रप्रकाश अग्रवाल, प्रभात अग्रवाल, पवन अग्रवाल, आलोक अग्रवाल आदि ने वारदात का जल्द खुलासा करने की मांग की है।
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लूटा मोबाइल बन सकेगा मददगार
गौरव अग्रवाल से लूटा गया मोबाइल पुलिस के लिए अहम लीड साबित हो सकता है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यदि बदमाश फोन को उपयोग में लेते हैं तो उन्हें पकड़ना आसान हो जाएगा। पुलिस सूत्रों की माने तो मोबाइल की लोकेशन मिल रही है।
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