मथुरा। मंडलायुक्त नगेंद्र प्रताप सिंह ने शुक्रवार को नमामि गंगे योजना के तहत निर्माणाधीन सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) का जायजा लिया। कार्य समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए।
मंडलायुक्त ने वृंदावन एसटीपी का निरीक्षण किया। परियोजना प्रबंधक ने बताया कि यह लगभग 13 एमएलडी क्षमता का एसटीपी है। वृंदावन के 13 नालों में से 11 को पहले ही टैप किया जा चुका है। शेष दो नाले, चैतन्य बिहार (सुन रख) और कालीदह आईपीएस के लिए प्रस्तावित एसटीपी का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। तीन माह का ट्रायल रन प्रगति पर है। उन्होंने ट्रीटमेंट प्लांट के भवन की फिनिशिंग और रंगाई कार्य को भी प्राथमिकता देने को कहा। इसके अतिरिक्त, फर्श और सीढ़ियों पर लगाई गई इंटरलॉकिंग टाइल्स में पाए गए रिक्त स्थान को भी ठीक करने के निर्देश दिए गए।
छाता में 14 नालों के शोधन के लिए 6 एमएलडी क्षमता का एसटीपी प्रस्तावित है, लेकिन निर्माण कार्य की वर्तमान भौतिक प्रगति मात्र 13 प्रतिशत है। परियोजना का कार्य दिसंबर तक हर हाल में पूरा करने की समय-सीमा तय की गई। कोसीकलां में 12 एमएलडी क्षमता का एसटीपी निर्माणाधीन है, जिसकी वर्तमान भौतिक प्रगति 42.65 प्रतिशत बताई गई। मंडलायुक्त ने कहा कि सभी एसटीपी से निकलने वाले शोधित जल का शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित करने के लिए कार्ययोजना तैयार की जाए।