वृंदावन। इटावा के एक मौलाना द्वारा भगवान श्रीकृष्ण को पांच वक्त का नमाजी बताए जाने संंबंधी बयान के विरोध में गोविंद देव घेरा स्थित स्कूल में ब्राह्मण महासभा की बैठक हुई। बैठक में विप्रों ने बयान को सनातन श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला बताते हुए कड़ी निंदा की है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मौलाना के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।
शुक्रवार को बैठक में महासभा के संस्थापक सुरेश चंद्र शर्मा एवं तीर्थ पुरोहित पंडा सभा के अध्यक्ष श्यामसुंदर गौतम ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण सनातन धर्म ही नहीं बल्कि भारतीय संस्कृति और सभ्यता के शाश्वत आदर्श हैं। उन्होंने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का अर्थ किसी भी धर्म, देवी-देवता अथवा महापुरुष की गरिमा को ठेस पहुंचाना नहीं हो सकता। पार्षद रूपकिशोर वर्मा एवं तीर्थ पुरोहित पंडा सभा के महामंत्री राघव भारद्वाज ने कहा कि सनातन समाज अपने आराध्यों के सम्मान से किसी प्रकार का समझौता नहीं करेगा। रोष व्यक्त करने वालों में सोहन शुक्ला, योगेंद्र ब्रजवासी, विवेक गौतम, रविकांत गौतम, मोहनलाल शर्मा, गोविंद पचौरी, रामनारायण ब्रजवासी व राघव पाराशर आदि उपस्थित रहे।