चौमुहां (मथुरा)। मथुरा का जैंत गांव, जिसे बेस्ट टूरिज्म विलेज का खिताब मिला है, इन दिनों गंदगी और जलभराव की गंभीर समस्या से जूझ रहा है। जैंत-मघेरा मार्ग पर रेलवे लाइन के पास स्थिति इतनी खराब है कि स्कूली बच्चों को गंदे पानी से होकर स्कूल जाना पड़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि बुनियादी सुविधाओं की कमी के कारण गांव का विकास रुका हुआ है। ग्रामीण नरेश सिंह ने बताया कि उन्होंने कई बार ग्राम प्रधान और सचिव को समस्या से अवगत कराया लेकिन केवल आश्वासन ही मिला। अधिकारियों की उदासीनता के चलते गांव में जल निकासी की कोई व्यवस्था नहीं हो पाई है। पोखर का ओवरफ्लो पानी मुख्य मार्ग पर भरा रहता है, जिससे पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। स्थानीय निवासी करण प्रताप सिंह ने मच्छरों के प्रकोप और संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका जताई। किसानों को भी अपने खेतों तक पहुंचने के लिए इसी बदबूदार पानी और कीचड़ से गुजरना पड़ता है।
ग्रामीणों ने की स्थायी समाधान की मांग
भगवान सिंह, खजान सिंह, दिगंबर सिंह, सरदार सिंह, रमेश सिंह, अर्जुन सिंह, यशपाल सिंह और धर्मो बघेल सहित कई ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से इस समस्या के स्थायी समाधान की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जल्द ही जल निकासी का स्थायी समाधान नहीं किया गया और सड़क को दुरुस्त नहीं कराया गया, तो वे उच्चाधिकारियों का घेराव करने को विवश होंगे। ग्रामीणों का आक्रोश अब फूटने लगा है और वे ठोस कार्रवाई चाहते हैं।