जिले में मीट की अवैध दुकानों पर कार्रवाई के बाद अब कारोबारियों में लाइसेंस लेेने के लिए मारामारी मची है। बीते एक सप्ताह में ही खाद्य विभाग में 18 से अधिक आवेदन आ चुके हैं। कई कारोबारी लाइसेंस के लिए आवश्यक कागजात और औपचारिकताओं की जानकारी करने आ रहे है।
सरकार ने अवैध बूचड़खाने और मीट की दुकानों पर सख्ती की तो मथुरा में भी करीब डेढ़ दर्जन दुकानों पर ताला लटक गया। अब ये कारोबारी खाद्य विभाग में लाइसेंस के लिए चक्कर लगा रहे हैं।
जिला अभिहीत अधिकारी चंदन पांडेय ने बताया अब बड़ी संख्या में मीट कारोबारी लाइसेंस के लिए आ रहे हैं। इसके लिए उन्हें सभी जरूरी औपचारिकताओं की जानकारी दी जा रही है। करीब 18 आवेदन कार्यालय में आ चुके हैं, इन सभी का खाद्य सुरक्षा अधिकारियों से भौतिक सत्यापन कराया जा रहा है।
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मीट के खाद्य लाइसेंस, रजिस्ट्रेशन के लिये शर्तें
-लाइसेंस के लिए नगर पालिका, नगर पंचायत से एनओसी अनिवार्य
-विवाद की स्थिति में सबंधित थाने से भी अनापत्ति प्रमाण पत्र लाना होगा
-दुकान के दरवाजे पर काला कांच लगे और कीट रोधी हो।
-दुकान का फर्श ढलवा हो, छोटे जानवर के लिये एक मीटर और बड़े के लिये तीन मीटर तक टाइल्स लगी हो।
-मीट बिक्री की दुकान धार्मिक स्थल मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारे, चर्च से कम से कम 100 मीटर की दूरी पर हो।
-टेबिल, रैक, बोर्ड, एल्यूमीनियम या स्टेनलेस स्टील की हो।
-चाकू, छुरे, कांटे व हुक स्टेनलेस स्टील के हो, समय-समय पर जीवाणु रहित किए गए हों।